प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के स्वच्छता अभियान पर आधारित अक्षय कुमार की फिल्म टॉयलेट: एक प्रेम कथा रिलीज हो चुकी है. देश में मौजूद इतनी जटिल समस्या को उठाकर अक्षय और उनकी टीम ने लोगों तक एक सीरियस मैसेज पहुंचाने की पुरजोर कोशिश की है. लेकिन सवाल उठता है कि क्या ये फिल्म दर्शकों की कसौटी पर भी खरी उतरी है? तो इसका जवाब है हां. जी हां, 2900 स्क्रीन्स पर रिलीज हुई अक्षय कुमार की इस फिल्म ने पहले दिन 13 करोड़ से अधिक की कमाई कर ली है. फिल्म की इस कमाई को एक अच्छी ओपनिंग के तौर पर देखा जा रहा हैं.

अक्षय की फिल्म को क्रिटिक्स से भी अच्छे रिव्यू मिले हैं. तो वहीं इस फिल्म को दर्शकों से भी अच्छा रिस्पांस मिल रहा है. शौच की समस्या को उठाने वाली इस फिल्म को शहरी दर्शक से ज्यादा गांव के दर्शक ज्यादा जोड़ पा रहे हैं. फिल्म क्रिटिक तरण आदर्श ने ट्वीट करके जानकारी दी.

इसलिए इस फिल्म की कमाई आसार आनेवाले समय में और बढ़ने के दिखाई दे रहें हैं. तो वहीं वीकेंड के बाद सोमवार को जन्माष्टमी की छुट्टी और मंगलवार को स्वतंत्रता दिवस छुट्टी के कारण इसकी कमाई की उम्मीद और भी बढ़ जाती हैं.

बात करे फिल्म की कहानी कि तो उत्तर प्रदेश के  गांव में अपने पंडित पिता (सुधीर पांडे) के संग उनके दो बेटे केशव (अक्षय कुमार) और नरु (दिवेंद्रयु) रहते हैं. केशव की कुंडली में दोषों का अंबार है इसलिए 36 साल उम्र होने के बाद भी उसका विवाह नहीं हो पाता. लेकिन प्रेम में बड़ी ताकत है. केशव की मुलाकात जया (भूमि पेडनेकर) से ट्रेन के टॉयलेट में होती है. जिसके बाद केशव का दिल दीवाना हो जाता है और कुंडली के सारे दोषों के निपटारे का जुगाड़ लगाते हुए वो जया को अपनी बीवी बनता है. लेकिन केशव के आगे मुसीबत तब खड़ी हो जाती है, जब गांव की दूसरी औरतों की तरह जया खुले में शौच जाने से साफ मना कर देती हैं. क्योंकि गांव में शौचालय की सुविधा नहीं है और ना ही लोग इसके पक्षधर हैं. कुंडली में मौजूद दोषों का जुगाड़ तो केशव कर लेता है लेकिन समाज में फैली कुरीतियां को दूर कर क्या वह अपनी बीवी को वापस लेकर आ पाएगा? यही है फिल्म की पूरी कहानी.