नई दिल्ली: विपक्षी पार्टियां जहां संसद में गतिरोध के लिए सत्ताधारी बीजेपी को जिम्मेदार मान रही हैं, वहीं भाजपा इसके लिए कांग्रेस को दोषी मानती है. पार्टी के सांसद और संसदीय कार्यमंत्री अनंत कुमार हेगड़े ने शुक्रवार को कहा कि बीजेपी लोगों को जोड़ने का काम करती है जबकि कांग्रेस तोड़ने का. कांग्रेस ने संसद नहीं चलने दी. पिछले 23 दिनों में संसद में कांग्रेस के रवैये के खिलाफ हमारी पार्टी प्रदर्शन करेगी. अनंत कुमार ने कहा कि बजट सत्र के पहले हिस्से में लोकसभा और राज्यसभा की उत्पादकता क्रमश: 134 प्रतिशत और 96 प्रतिशत रही, लेकिन दूसरे हिस्से में कांग्रेस के रवैये के चलते यह कम होकर 4 प्रतिशत और 8 प्रतिशत रह गई.

उन्होंने आगे बताया कि विरोध के दूसरे चरण में बीजेपी सांसद 12 अप्रैल को अपने-अपने क्षेत्रों में एक दिन का उपवास रखेंगे. यह कार्यक्रम पूरे देश में आयोजित किया जाएगा.

वहीं प्रधानमंत्री कार्यालय में राज्यमंत्री जितेंद्र सिंह ने कहा कि पूरा सत्र विरोध की भेंट चढ़ गया. कुछ लोगों के गलत रवैये के चलते हम लोगों की उम्मीदों पर खरे नहीं उतर पाए हैं.

बता दें कि संसद का बजट सत्र लगातार 23 दिनों तक चले गतिरोध के बाद शुक्रवार को समाप्त हो गया. इस दौरान कांग्रेस, तेदेपा, एआईएडीएमके, वायएसआर कांग्रेस तथा अन्य दलों के सांसद अलग-अलग मुद्दों पर सरकार के खिलाफ प्रदर्शन करते रहे. नतीजा यह हुआ कि वित्त विधेयक को बिना बहस के पारित करना पड़ा जबकि सेवानिवृत्त हो रहे सांसदों का विदाई भाषण भी ठीक से नहीं हो पाया. विपक्षी दलों ने इसके लिए सत्तारूढ़ बीजेपी को जिम्मेदार बताते हुए कहा कि सरकार ने गतिरोध दूर करने के प्रयास नहीं किए. वहीं भाजपा ने कहा कि स्पीकर द्वारा सभी पार्टियों की मीटिंग बुलाने तथा केंद्रीय मंत्री विजय गोयल द्वारा विपक्षी सांसदों से बातचीत के बाद भी पार्टियों गतिरोध दूर करने के लिए राजी नहीं हुईं.