नई दिल्ली: कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (ईपीएफओ) ने साफ कर दिया है किसी भी पेंशन भोगी का आधार नहीं होने पर उसकी मासिक पेंशन नहीं रोकी जाए. ईपीएफओ ने इस संबंध में बैंकों से कहा है कि वे पहचान के लिए अन्‍य उपलब्‍ध विकल्‍प अपनाएं. कर्मचारी भविष्य निधि संगठन ने बैंकों से कहा है कि वे आधार संख्या के लिए किसी पेंशन भोगी की मासिक पेंशन नहीं रोकें. बैंकों से कहा गया है कि वे जरूरत होने पर पेंशनभोगी की पहचान के लिए वैकल्पिक तरीकों को अपना सकते हैं.

ईपीएफओ ने इस बारे में पेंश वितरण करने वाले सभी बैंकों व डाक सेवाओं के प्रमुखों को सोमवार को परिपत्र भेजा है. इसमें उन विकल्पों को रेखांकित किया गया है, जिनका इस्तेमाल उन पेंशनभोगियों के मामले में किया जा सकता है, लेकिन जिनके पास आधार नहीं है या जिनकी अंगुलियों की छाप काम नहीं कर रही.

ईपीएफओ ने पत्र में बैंकों से यह सुनिश्चित करने को कहा गया है कि पेंशनभोगियों को आधार नामांकन की सुविधा मिली. इसी तरह बैंकों को जीवन प्रमाणपत्र को दस्ती रूप में स्वीकार करना होगा. वे पेंशनभोगियों जिनकी अंगुली के निशान काम नहीं कर रहे, उनके सत्यापन के लिए बैंकों को आइरिस स्कैनर की व्यवस्था करनी होगी. (इनपुट एजेंसी)