चंडीगढ़। पंजाब में आईपीएल मैचों के दौरान सांप्रदायिक सद्भाव बिगाड़ने की साजिश का भंडाफोड़ हुआ है. पंजाब पुलिस की जासूसी निरोधी शाखा ने पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई द्वारा कथित तौर पर प्रशिक्षित चार युवकों को गिरफ्तार किया है. ये युवक मोहाली में आईपीएल के मैच के दौरान खालिस्तान के मुद्दे को उठाने की साजिश रच रहे थे.

ISI ने दी ट्रेनिंग

पुलिस के एक प्रवक्ता ने बताया कि इन युवाओं को आईएसआई के एक एजेंट ने सोशल मीडिया के जरिये राज्य में सांप्रदायिक सद्भाव बिगाड़ने के लिए प्रशिक्षित किया था. इन्हें बसों और शराब के ठेकों को जलाकर खालिस्तान पर जनमत संग्रह-2020 की बात प्रचारित करने को कहा गया था. प्रवक्ता ने बताया कि उन्हें सोमवार को शहीद भगत सिंह नगर से गिरफ्तार किया गया. वे शराब के एक ठेके को आग लगाने जा रहे थे.

उन्होंने बताया, इनके पास से दस लीटर डीजल और अन्य सामान जब्त किये गए हैं. पुलिस ने बताया कि युवा फेसबुक पेज रेफरेंडम-2020 के सदस्य हैं. शुरुआती पूछताछ के दौरान युवाओं ने स्वीकार किया कि उन्हें दीप कौर उर्फ कुलवीर कौर नामक महिला फेसबुक के जरिए चरमपंथ का प्रशिक्षण दे रही थी. उसने उनका परिचय एक आईएसआई एजेंट से कराया, जिसका फतेह सिंह के नाम से फर्जी फेसबुक प्रोफाइल है.

दुकानों-बसों को आग लगाने की साजिश

प्रवक्ता ने बताया, फतेह सिंह ने उन्हें शराब की दुकानों, बसों में आग लगाकर अफरातफरी का माहौल पैदा करने को कहा. उन्हें विभिन्न स्थानों पर रेफरेंडम-2020 के पोस्टर लगाने को भी कहा गया था. गिरफ्तार युवकों की पहचान मनवीर सिंह, जसप्रीत सिंह, सुखविंदर सिंह और रणधीर के रूप में हुई. वे शहीद भगत सिंह नगर जिले के खानखाना गांव के रहने वाले हैं.

बता दें कि आईपीएल 7 अप्रैल से शुरू हो रहा है. आईपीएल की एक टीमों में किंग्स इलेवन पंजाब भी एक है. पंजाब के मैच यहीं होने हैं. मैचों में भारी भीड़ उमड़ती है. ऐसे में साजिश का भंडाफोड़ होने से एक बड़ी अनहोनी को टाल दिया गया .

(भाषा इनपुट)