चुनाव आयोग की प्रेस कांफ्रेंस में आज गुजरात विधानसभा चुनाव तारीखों का ऐलान नहीं किया गया. कहा जा रहा था कि आज ही हिमाचल प्रदेश के साथ गुजरात की चुनाव तारीखों का ऐलान किया जाएगा. दिनभर मीडिया में यही खबर चलती रही. लेकिन चुनाव आयोग ने सिर्फ हिमाचल की तारीखों का ऐलान कर चौंका दिया.  आखिर इसकी क्या वजह रही? जब बात लोकसभा और विधानसभा के चुनाव साथ-साथ कराने की हो रही है तो दोनों राज्यों में चुनाव अलग-अलग कराने का फैसला क्यों? 

हिमाचल में चुनाव तारीखों का ऐलान, पहली बार होगा VVPAT का इस्तेमाल

हिमाचल में चुनाव तारीखों का ऐलान, पहली बार होगा VVPAT का इस्तेमाल

प्रेस कांफ्रेंस में इसे लेकर मुख्य चुनाव आयुक्त से सवाल भी किया गया. इस पर उन्होंने जवाब दिया कि चुनाव कार्यक्रम की योजना ऐसे तैयार की गई है कि हिमाचल के नतीजों का असर गुजरात के चुनावों पर न पड़े. चुनाव आयुक्त ने कहा कि गुजरात विधानसभा चुनाव के कार्यक्रमों का ऐलान जल्द किया जाएगा, लेकिन चुनाव 18 दिसंबर से पहले होंगे. आयोग ने कहा कि ऐसा नियम सम्मत ही किया गया है. इसका पीएम मोदी के गुजरात दौरे से कोई संबंध नहीं है.

कांग्रेस ने पूछा सवाल

वहीं, हिमाचल के साथ गुजरात चुनाव की तारीखों का ऐलान नहीं होने पर कांग्रेस ने सवाल उठाया. पार्टी ने आरोप लगाया है कि ऐसा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कहने पर किया जा रहा है क्योंकि पीएम 16 अक्टूबर को उनका गुजरात दौरा है. लेकिन चुनाव आयोग ने कहा कि गुजरात चुनाव तारीख का ऐलान नहीं होने का पीएम के दौरे से कोई संबंध नहीं है.

गुजरात में चुनावी सरगर्मी

भले ही चुनाव तारीखों का ऐलान ना हुआ हो, लेकिन गुजरात में इन दिनों चुनाव माहौल है. कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी गुजरात के दौरे पर हैं और कई जिलों का दौरा कर लोगों से मिल रहे हैं. वह एक महीने के अंतराल में दूसरी बार गुजरात दौरे पर गए हैं. हर जनसभा में वह बीजेपी, मोदी सरकार और संघ पर हमला बोल रहे हैं. बीजेपी की तरफ से भी पलटवार हो रहा है.

…तो लागू हो जाती आचार संहिता

अगर गुजरात चुनाव की तारीखों का ऐलान हो जाता तो तुरंत प्रभाव से राज्य में आचार संहिता लागू हो जाती. कुछ दिनों के लिए चुनावी गहमागहमी, सरकारी घोषणाओं पर पूरी तरह रोक लग जाती. बहरहाल, चुनाव आयोग ने इतना जरूर साफ कर दिया कि गुजरात में चुनाव 18 दिसंबर से पहले होंगे. लेकिन सवाल बाकी रह जाता है कि दोनों राज्यों में एक साथ चुनाव का ऐलान क्यों नहीं किया गया.