मंगलवार यानि 14 नवंबर 2017 को देश के पहले प्रधानमंत्री पंडित जवाहर लाल नेहरू की जयंती है. नेहरू जी बच्चों से बेहद लगाव रखते थे इसलिए इस दिन को बाल दिवस के रूप में भी मनाया जाता है. आजादी के आंदोलन से जुड़ने के बाद देश के पहले प्रधानमंत्री बनने वाले नेहरू जी असल जीवन में बेहद सरल स्वभाव के व्यक्ति थे. आईये जानते है उनकी जिंदगी की कुछ दिलचस्प बातें जिसे कम लोग ही जानते हैं- 

जब प्लेबॉय मैगज़ीन में 'नेहरू' का इंटरव्यू छपने से मचा था बवाल, जानिए क्या है पूरा मामला

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प्लेन से भेजते थे लव लेटर

कोई हवाई जहाज के जरिये कैसे लव लेटर कैसे भेजता होगा? सुनने में यह आपको बेहद अजीब लग सकता है लेकिन ये सच है. नेहरू भी किसी से प्रेम करते थे. चूंकि उस समय कोई फोन नहीं होता था इसलिए लोग एक दूसरे को पत्र लिखकर हालचाल पूछते थे. नेहरू भी ऐसा ही करते थे. लॉर्ड माउंटबेटन की पत्नी और नेहरू एक-दूसके से प्रेम करते थे और उन दिनों नेहरू माउंटबेटन की पत्नी एडविना तक अपनी बात पहुंचाने के लिए हवाई जहाज से खत भेजते थे. वरिष्ठ पत्रकार कुलदीप नैयर उन दिनों ब्रिटेन में भारत के फॉरेन हाई कमिशनर थे. उन्हें जब इस बात का पता चला तो उन्होंने एडविना की नाती से भी बात की थी.

नाई के लिए लाए घड़ी

नेहरू जी जब भी अपने नाई को बुलाते तो वह हमेशा ही देर से आता था. एक बार अपनी लंदन की यात्रा पर जाने से पहले नेहरू जी ने अपने नाई से पूछा कि आखिर वह हर बार आने में देर क्यों करता है? नाई ने जवाब में कहा कि उसके पास समय देखने के लिए घड़ी नहीं है इस वजह से देर हो जाती है. इसके बाद लंदन से लौटते वक्त नेहरू अपने नाई के लिए घड़ी लेकर आए.

अपने पास नहीं रखते थे रुपये

एक दिन ऑफिस जाते वक्त नेहरू की गाड़ी पंक्चर हो गई. वहीं रास्ते से गुजर रहे एक टैक्सी वाले ने उन्हें देखा तो नेहरू जी से अपनी टैक्सी में बैठने को कहा. नेहरू ने टैक्सीवाले की बात मान ली और अपने ऑफिस के लिए उस टैक्सी में रवाना हो गए. ऑफिस पहुंचने पर जब नेहरू जी ने अपनी जेब टटोली तो उनकी जेब में एक रुपया भी नहीं था. नेहरू कभी अपने साथ रुपये लेकर नहीं चलते थे. इस पर टैक्सीवाले ने नेहरू जी से कहा कि आप मुझे शर्मिंदा ना करें, मैं आपसे कुछ भी नहीं लूंगा. मैं तो अगले 5 दिन तक इस सीट पर किसी को नहीं बैठाउंगा.

जब पहली बार लगाया शैंपेन का घूंट

विदेश सचिव रहे दिनशॉ गुंडेविया ने अपनी बायोग्राफी में लिखा है कि स्विट्जरलैंड में एक बार नेहरू जी को महान कॉमेडियन चार्ली चैपलिन ने अपने घर दावत पर बुलाया था. खाने से पहले चार्ली ने शैंपेन मंगवाई और नेहरू को ऑफर की. नेहरू जी ने इस पर कहा कि मैं नहीं पीता और यह आपको पता होना चाहिए. चार्ली ने फिर भी नेहरू के होठों से शैंपेन का गिलास लगा दिया. उस दौरान नेहरू ने एक सिप पी लिया और रात भर उस गिलास को अपने पास ही रख कर बैठे रहे.

पालतू जानवरों से था प्यार

नेहरू जी बेहद उदार शख्स थे. उन्हें पालतू जानवरों से बेहद लगाव था. उनके करीबी भी उन्हें अहम मौकों पर पालतू जानवर भेंट किया करते थे. सऊदी शाह ने भी नेहरू को दो घोड़े भेंट की थी. जिन्हें नेहरू ने कुछ दिन बाद सेना को सौंप दिया था.