नई दिल्ली. उपराष्ट्रपति पद के लिए एनडीए उम्मीदवार घोषित किये जाने के बाद एम. वेंकैया नायडू ने केंद्रीय मंत्री के पद से इस्तीफा दे दिया है. बीजेपी संसदीय बोर्ड ने एक बैठक में नायडू को उपराष्ट्रपति पद का उम्मीदवार चुना. इस पद पर उनका चुना जाना लगभग तय है.

एक सूत्र ने बताया कि नायडू ने इस्तीफा दे दिया है. उनके पास सूचना एवं प्रसारण और आवासीय एवं शहरी मामलों के दो मंत्रालय थे. उन्होंने बताया, ‘हालांकि तकनीकी रूप से नायडू को इस्तीफा देने की जरूरत नहीं थी लेकिन उच्च राजनैतिक मानक स्थापित करते हुए उन्होंने त्यागपत्र दे दिया है क्योंकि वह (उपराष्ट्रपति पद के लिए) चुनावी मैदान में उतर रहे हैं.’

वेंकैया मंगलवार सुबह 11 बजे उपराष्ट्रपति पद के लिये नामांकन पत्र दाखिल करेंगे. बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह ने सोमवार को ही ये जानकारी दे दी थी. नायडू आज दो सेटों में अपना नामांकन दाखिल करेंगे.

मोदी ने मांगा समर्थन
एम वेंकैया नायडू को एनडीए के उपराष्ट्रपति पद का उम्मीदवार घोषित किये जाने के कुछ ही समय बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने तमिलनाडु, बिहार, आंध्र प्रदेश और तेलंगाना के मुख्यमंत्रियों और शरद पवार समेत वरिष्ठ नेताओं से फोन पर बात कर उनका समर्थन मांगा. यह जानकारी सरकार के एक सूत्र ने दी.

सूत्र ने कहा कि मोदी ने बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, तमिलनाडु के मुख्यमंत्री ई के पलानीस्वामी, आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू, तेलंगाना के मुख्यमंत्री के चंद्रशेखर राव, एनसीपी नेता शरद पवार और जेडीयू नेता शरद यादव से समर्थन मांगा.

एनडीए से बाहर के कई दलों ने गठबंधन के राष्ट्रपति पद के उम्मीदवार राम नाथ कोविंद को अपना समर्थन जताया है. सूत्र के मुताबिक प्रधानमंत्री ने उम्मीद जताई कि नायडू के अनुभव को देखते हुए वह कई राजनीतिक दलों को स्वीकार्य होंगे. आगामी पांच अगस्त को होने वाले उपराष्ट्रपति चुनाव के लिए विपक्षी दलों के उम्मीदवार गोपाल कृष्ण गांधी हैं.