नई दिल्ली। 2008 में हुए बाटला हाउस एनकाउंटर के आरोपी आतंकी आरिज खान उर्फ जुनैद की गिरफ्तारी के साथ ही कांग्रेस-बीजेपी में आरोप प्रत्यारोप का दौर शुरू हो गया है. बीजेपी ने जहां कांग्रेस की भूमिका पर सवाल उठाया तो कांग्रेस ने दिल्ली पुलिस को निशाने पर लिया. वहीं, बाटला हाउस के वाशिंदे आरिज को निर्दोष करार दे रहे हैं.

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कांग्रेस नेता सलमान खुर्शीद ने कहा कि आरिज को एनकाउंटर की जगह से ही गिरफ्तार कर लिया जाना चाहिए था. पुलिस को सफाई देनी चाहिए कि उसे तब क्यों नहीं गिरफ्तार किया गया. वो बच निकलने में कैसे कामयाब रहा. ये पुलिस का काम है कि वह अपराध करने वालों को गिरफ्तार करे. अगर किसी को गिरफ्तार किया गया है तो उस पर जल्द ट्रायल शुरू किया जाए, उसे सजा दिलवाई जाए.

उधर, बीजेपी ने इसे लेकर कांग्रेस पर हमला बोला है. मुख्तार अब्बास नकवी ने कहा कि बाटला हाउस एनकाउंटर के दौरान कांग्रेस के कुछ नेताओं ने मगरमच्छ के आंसू बहाए थे. ऐसे लोग अब पूरी तरह बेनकाब हो चुके हैं.

वहीं, बाटला हाउस के वाशिंदे इस गिरफ्तार को शक की नजर से देख रहे हैं. यहां रह रहे एक शख्स ने कहा कि ये संदिग्ध गिरफ्तारी का मामला दिखता है. 2008 में हुआ एनकाउंटर संदिग्ध था. हमें यकीन नहीं कि वह इसमें शामिल था. हम ये नहीं कह रहे कि कोई अगर अपराध करे तो उसके खिलाफ कार्रवाई ना हो, लेकिन किसी को गलत तरीके से नहीं फंसाया जाना चाहिए.

बता दें कि दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने आज मोस्ट वांटेड आतंकी आरिज उर्फ जुनैद को गिरफ्तार किया है. उस पर बाटला हाउस एनकाउंटर सहित दिल्ली सीरियल ब्लास्ट, यूपी कोर्ट ब्लास्ट 2007, अहमदाबाद धमाके 2008 में शामिल होने का आरोप है. वह 2008 में बाटला हाउस एनकाउंटर के बाद से ही फरार हो गया था. इस दौरान इंस्पेक्टर मोहन चंद शर्मा शहीद हो गए थे. यहां से फरार होकर आरिज सीधे नेपाल भाग गया था. इसके बाद वह दुबई चला गया.