लखनऊ: उन्नाव गैंगरेप केस में बुधवार को ‘तीन बच्चों की मां से रेप कौन करेगा’ जैसा शर्मनाक और बेहुदा बयान देने वाले बीजेपी विधायक सुरेंद्र सिंह ने गुरुवार को भी एक और शर्मनाक और सांप्रदायिक बयान दिया. बुधवार को महिलाओं के प्रति अपनी असवेंदनशीलता दिखाने के बाद विधायक सुरेंद्र सिंह ने सांप्रदायिक बयान देकर अपना सांप्रदायिक चेहरा भी जनता के सामने रख दिया. हैरानी की बात है कि ऐसे बयान देने के बाद भी विधायक के खिलाफ किसी तरह की कोई कार्रवाई अभी तक नहीं की गई है. गुरुवार को सुरेंद्र सिंह ने बैरिया में एक जनसभा को संबोधित करते हुए कहा कि, ”ये विपक्ष राष्ट्रविरोधी है, इनका आका किसी का इस्लाम में बैठता है, किसी का इटली में बसता है…2019 का चुनाव इस्लाम बनाम भगवान होने जा रहा है. इसलिए भारत के लोगों, निर्णय कर लेना कि इस्लाम जीतेगा या भगवान जीतेगा.”

ऐसा सांप्रदायिक बयान देते वक्त विधायक जी शायद भूल गए या जानबूझकर भुला दिया कि उनकी पार्टी बीजेपी केंद्र और यूपी दोनों जगह विकास के नाम पर ‘सबका साथ सबका विकास’ का नारा देकर सत्ता में आई थी. लेकिन अब जब विकास करने का वक्त आया है तो विधायक जनता धर्म की राजनीति कर रहे हैं और जनता को ये बता रहे हैं कि अगला चुनाव इस्लाम और भगवान के बीच में होगा. रेप पीड़िता के बारे में बेहुदा बयान देने के बाद अगले दिन ऐसा सांप्रदायिक बयान देना बताता है कि विधायक सुरेंद्र सिंह को कुछ भी बोलने के लिए खुली छूट मिली हुई है.

इससे पहले गुरुवार को यूपी सरकार ने गैंगरेप में आरोपी विधायक कुलदीप सिंह का साथ देते हुए कहा कि कुलदीप सेंगर के खिलाफ पर्याप्त सबूत नहीं हैं. पर्याप्त सबूत के बाद ही विधायक के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी और इस मामले में अब तक कानून के मुताबिक कार्रवाई हो रही है. गुरुवार को हाई कोर्ट ने यूपी सरकार से पूछा था कि वह एक घंटे में बताए कि विधायक की गिरफ्तारी कब होगी. हाई कोर्ट ने इस मामले में स्वत: संज्ञान लेते हुए सरकार से ये सवाल पूछा था. हालांकि कोर्ट के रुख के बावजूद कुलदीप सेंगर के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं हुई और अब तक वह आजाद घूम रहे हैं.

सेंगर के खिलाफ केस दर्ज, पर गिरफ्तारी नहीं
गैंगरेप केस में आरोपी विधायक कुलदीप सेंगर के खिलाफ गुरुवार को पुलिस ने पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है लेकिन सेंगर के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं हुई है. इस बीच हाई कोर्ट ने स्वत: संज्ञान लेते हुए यूपी सरकार से तीखे सवाल पूछे. कोर्ट के दखल के बावजूद सेंगर के खिलाफ फिलहाल कोई कार्रवाई होती नहीं दिख रही है. यूपी पुलिस अभी पुख्ता सबूतों का इंतजार कर रही है.