जम्मू/श्रीनगर। पाकिस्तानी सैनिकों ने जम्मू कश्मीर के पुंछ, राजौरी और बारामुला जिलों में नियंत्रण रेखा (एलओसी) पर रविवार को चार बार संघर्ष विराम का उल्लंघन किया जिसमें सेना के तीन जवान घायल हो गए. सेना के सूत्रों ने बताया कि पाकिस्तानी सैनिकों ने बारामुला जिले के उरी में बाज चौकी पर शाम करीब चार बजे भारतीय ठिकानों पर लगातार गोलीबारी की.

सूत्रों ने बताया कि गोलीबारी में तीन सैनिक घायल हो गए जिन्हें सेना के 92 बेस अस्पताल में भर्ती कराया गया. पाकिस्तानी सैनिकों ने राजौरी और पुंछ जिलों में तीन बार संघर्ष विराम समझौते का उल्लंघन किया. इन घटनाओं में हालांकि कोई हताहत नहीं हुआ.

एक वरिष्ठ जिला अधिकारी ने बताया ‘‘पाकिस्तानी सैनिकों ने राजौरी जिले के नौशेरा सेक्टर में एलओसी पर गोलीबारी और गोलाबारी की.’’ उन्होंने बताया कि पाकिस्तानी सैनिकों ने रविवार शाम एलओसी पर चार इलाकों कलाल, खोरी, मनपुर और गनिहा को निशाना बनाया.

एक रक्षा प्रवक्ता ने बताया कि पाकिस्तानी सेना ने सुबह पुंछ जिले के कृष्णाघाटी सेक्टर में छोटे हथियारों,स्वचालित हथियारों एवं मोर्टारों से लगातार गोलीबारी की. कृष्णाघाटी सेक्टर में सुबह छह बजे गोलीबारी शुरू हुई और भारतीय सैनिकों ने भी जवाबी कार्रवाई की. अपराह्न साढे 12 बजे के करीब गोलीबारी बंद हुई.

एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि आज सुबह पुंछ के मनकोटे सेक्टर में एलओसी पर पाकिस्तानी सैनिकों ने संघर्ष विराम का उल्लंघन किया. पाकिस्तान पुंछ जिले में कल से पांच बार संघर्ष विराम का उल्लंघन कर चुका हैं. पुंछ में शनिवार को पाकिस्तान द्वारा संघर्ष विराम उल्लंघन की विभिन्न घटनाओं में भारतीय सेना के एक जूनियर कमीशन अधिकारी (जेसीओ) शहीद हो गए थे और एक महिला नागरिक मारी गई थी.

कृष्णाघाटी सेक्टर में पाकिस्तानी सैनिकों की गोलीबारी में मध्य प्रदेश निवासी नायब सूबेदार जगराम सिंह तोमर (42) जबकि गोहलाद कलरान गांव में सीमा पार से मोर्टार के हमले में 40 वर्षीय एक महिला राकिया बी मारी गई थीं. कृष्णाघाटी सेक्टर में आठ अगस्त को बिना उकसावे के पाकिस्तान द्वारा की गई गोलीबारी में सिपाही पवन सिंह सुग्रा (21) शहीद हो गए थे.

पाकिस्तानी सैनिकों द्वारा इस वर्ष एक अगस्त तक संघर्ष विराम उल्लंघन की 285 घटनाएं हो चुकी हैं. वर्ष 2016 में यह संख्या अपेक्षाकृत काफी कम 228 थी.