अहमदाबाद। जापानी प्रधानमंत्री शिंजो आबे और उनकी पत्नी अकी ने बुधवार को साबरमती आश्रम में महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि दी वहीं शिंजो के भारतीय समकक्ष नरेंद्र मोदी ने गाइड की भूमिका निभाई और उन्हें आसपास के स्थान दिखाए. शहर के हवाई अड्डे से आठ किमी का रोड शो करने के बाद तीनों शाम में करीब साढ़े चार बजे साबरमती आश्रम पहुंचे.

आबे और उनकी पत्नी ने आश्रम के विभिन्न हिस्सों को देखा. उल्लेखनीय है कि महात्मा गांधी यहां अपनी पत्नी कस्तूरबा के साथ करीब 12 साल रहे थे. आबे ने आगंतुक रजिस्टर पर जापानी भाषा में अपना संदेश लिखा, ‘‘प्यार और धन्यवाद’’. उनकी पत्नी ने भी आगंतुक रजिस्टर पर हस्ताक्षर किए. आबे और उनकी पत्नी, दोनों भारतीय परिधानों में थे. दोनों हृदय कुंज भी गए जहां गांधीजी रहते थे. वहां दोनों ने एक चरखे के साथ तस्वीरें भी खिंचवाई.

उसके बाद मोदी, आबे और उनकी पत्नी ने महात्मा गांधी की प्रतिमा पर फूल चढ़ाए. बाद में ये तीनों साबरमती रीवरफ्रंट पर कुछ देर बैठे. एक विनम्र मेजबान की तरह नरेंद्र मोदी ने दंपति को आश्रम के आसपास के स्थान दिखाए. मोदी ने उन्हें गांधीजी के तीन प्रसिद्ध बंदरों की प्रतिमाएं भी दिखाईं.

वे लोग करीब 25 मिनट तक आश्रम में रहे. उसके बाद वे मध्य युग की प्रसिद्ध सिदी सैयद मस्जिद गए. यह मस्जिद दुनिया भर में अपनी जाली के लिए मशहूर है. इस मस्जिद को लोग ‘‘सिदी सैयद नी जाली’’ के नाम से जानते हैं.

मोदी ने उन्हें 1573 में बनी इस मस्जिद के महत्व के बारे में बताया. मस्जिद की दीवार पर बनी जाली भारतीय प्रबंध संस्थान, अहमदाबाद का आधिकारिक लोगो भी है. उसके बाद वे डिनर के लिए पुराने शहर में स्थित ‘‘अगाशिये’’ रेस्तरां गए.