शिमला: धर्मशाला जिला मुख्यालय से 100 किलोमीटर की दूरी पर अवस्थित नूरपुर – चंबा राजमार्ग पर गुरचल गांव के पास एक स्कूली बस गहरी खाई में गिर गई. इस घटना में 27 बच्चों सहित 30 लोगों की मौत हो गई. पुलिस ने बताया कि मृत बच्चे राम सिंह पठानिया मेमोरियल स्कूल के छात्र थे. हिमाचल प्रदेश के परिवहन मंत्री गोविन्द सिंह ठाकुर ने कहा कि 27 बच्चों सहित 30 लोगों की जान चली गई. सीएम जयराम ठाकुर मृतकों के परिजनों के लिए 5 लाख रुपये के मुआवजा का ऐलान किया है. हादसे में कुल 29 लोगों की मौत हुई है.

कांगड़ा के पुलिस अधीक्षक संतोष पटियाल ने बताया कि स्कूल बस के 67 वर्षीय चालक मदन लाल और दो शिक्षिकाओं की भी इस घटना में मौत हो गई. स्थानीय भाजपा विधायक राकेश पठानिया ने बताया कि 27 शव बरामद कर लिये गए हैं , जबकि दो अन्य का पता चल गया है. विधायक अभी घटनास्थल पर मौजूद हैं. एक अधिकारी ने बताया कि गंभीर रूप से जख्मी कम से कम 13 लोगों को पठानकोट के एक अस्पताल ले जाया गया , जहां एक व्यक्ति की मौत हो गई.

बस में 40-45 लोग सवार थे और मरने वालों में बहुसंख्य प्राथमिक कक्षाओं के छात्र थे , जिनकी उम्र 10 साल से कम थी. मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने हर मृतक के परिजन को पांच लाख रुपये की तत्काल मदद देने की घोषणा की है. प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि चालक का बस पर नियंत्रण नहीं रहा और वह सड़क से फिसलकर गहरी खाई में गिर गई. खबर मिलते ही माता – पिता घटनास्थल पर पहुंच गए और पूरे इलाके में मातमी सन्नाटा पसरा हुआ है. स्थानीय युवकों की मदद से शवों को मलबे से निकाला गया.

खाद्य और आपूर्ति मंत्री कृष्ण कपूर की देखरेख में बचाव अभियान चल रहा है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, सूबे के राज्यपाल आचार्य देवव्रत , मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर, केंद्रीय मंत्री जे पी नड्डा , परिवहन मंत्री ठाकुर ने इस घटना पर गहरा दुख जताया है.

-एजेंसी इनपुट-