वाशिंगटन: महिलाएं अपनी समझ को ज्यादा तवज्जो नहीं देती हैं जबकि पुरुष खुद को ज्यादा स्मार्ट मानते हैं. समान शैक्षाणिक स्तर पर भी यही सोच रहती है. नये अध्ययन से पता चला है कि लिंग छात्र- छात्राओं में उनकी समझ पर गहरा असर डालता है खासकर जब वे अपनी तुलना दूसरों से करते हैं. अमेरिका में अरिजोना स्टेट विश्वविद्यालय की शोध छात्रा केटलीन कूपर ने शिक्षा सलाहकार के रूप में सैकड़ों छात्र- छात्राओं से बातचीत की और उनके संवाद को शोध में शामिल किया.

जर्नल एडवांसेज इन फिजिओलॉजी एजुकेशन में प्रकाशित अध्ययन की अग्रणी लेखिका कूपर ने कहा, मैं छात्र- छात्राओं से उनकी कक्षाओं के बारे में पूछती थी और मैंने उनका रूझान नोटिस किया.

उन्होंने कहा, कई बार महिलाओं ने मुझे बताया कि उन्हें डर था कि अन्य छात्र मानते हैं कि वे बेवकूफ हैं. जीव विज्ञान की उसी कक्षा के छात्रों से मुझे कभी यह सुनने को नहीं मिला, इसलिए मैं इसपर अध्ययन करना चाहती थी. छात्रों से कक्षा में हर किसी से और सबसे करीब छात्र से अपनी समझ की तुलना करने को कहा गया था .