दुबई। हाल के दिनों में अपने ऑलराउंड खेल से स्टार खिलाड़ी बन कर उभरे हार्दिक पंड्या को भविष्य का कपिल देव कहा जाने लगा है और लोग उनमें कपिल की झलक देख रहे हैं. लेकिन राष्ट्रीय चयन समिति के पूर्व प्रमुख संदीप पाटिल ने कहा कि कपिल देव जैसा बनने के लिए हार्दिक को 200 जन्म लेने होंगे. उन्होंने हार्दिक पंड्या की तारीफ की लेकिन कपिल देव से उनकी तुलना के सवाल पर उन्होंने कहा, ‘कपिल की जगह लेने के लिए उन्हें 200 जन्म लेने होंगे.’

युवराज सिंह को बताया भारतीय क्रिकेट का उपहार
वहीं पाटिल ने टीम इंडिया से बाहर चल रहे बाएं हाथ के स्टार बल्लेबाज युवराज सिंह की भी जमकर तारीफ की. पाटिन ने कहा कि युवराज सिंह भारतीय क्रिकेट को ईश्वर का उपहार है लेकिन 2019 वर्ल्ड कप में उनका खेलना फॉर्म और फिटनेस पर निर्भर करता है.

श्रीलंका के खिलाफ सीरीज के लिए बाहर किए जाने के बाद युवराज को ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ पहले तीन वनडे मैचों के लिए भी भारतीय टीम में जगह नहीं मिली. पाटिल ने हालांकि उनकी वापसी की उम्मीद जताई. वर्ल्ड कप के मद्देनजर युवराज के भविष्य के बारे में पूछने पर उन्होंने कहा, ‘यह फिटनेस और फॉर्म पर निर्भर करेगा.’ उन्होंने कहा, ‘अब मैं चयनकर्ता नहीं हूं. दो साल लंबा समय होता है और हर खिलाड़ी पर काफी कार्यभार है.’

36 बरस के युवराज ने आखिरी वनडे जून में वेस्टइंडीज के खिलाफ खेला था. वह 300 वनडे खेलने वाले भारत के पांचवें खिलाड़ी बन गए जब इस साल चैंपियंस ट्रॉफी सेमीफाइनल में बांग्लादेश के खिलाफ उतरे थे.

पाटिल ने कहा, ‘युवराज ईश्वर के उपहार की तरह था. मैं उनका जबर्दस्त फैन था और हमेशा रहूंगा लेकिन उन्हें रन बनाने होंगे और अपनी फिटनेस साबित करनी होगी.’ श्रीलंका के खिलाफ सीरीज के दौरान महेंद्र सिंह धोनी ने कई रिकॉर्ड बनाए और पाटिल ने उन्हें खास खिलाड़ी बताया.

पाटिल ने कहा, ‘भारतीय टीम से जुड़े पेशेवर इसके बारे में बताएंगे. युवराज और धोनी के भविष्य के बारे में मेरा कुछ कहना सही नहीं होगा लेकिन ये खास क्रिकेटर हैं और काश मेरे पास इनकी प्रतिभा का पांच प्रतिशत भी होता.’ 2012 से 2016 तक चयन समिति के अध्यक्ष रहे पाटिल ने वह दौर देखा है जब सचिन तेंदुलकर, राहुल द्रविड़ और वीवीएस लक्ष्मण के संन्यास के बाद भारतीय क्रिकेट बदलाव से गुजर रहा था.

जडेजा-अश्विन को आराम देने का फैसला सही
पाटिल ने कहा, ‘हमारे सामने सचिन तेंदुलकर, वीरेंद्र सहवाग, जहीर खान जैसे खिलाड़ियों के विकल्प तलाशने की कठिन चुनौती थी. मैं अपने साहसिक फैसलों से खुश हूं जिसके अच्छे नतीजे सामने आए.’ उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ वनडे सीरीज में आर अश्विन और रविंद्र जडेजा को आराम देने के चयन समिति के फैसले की तारीफ की लेकिन कहा कि उनकी समिति ने भी ऐसे फैसले लिए थे.