चेस्टर ली स्ट्रीट। केवल एक मैच खेलने के लिए वेस्टइंडीज से यहां पहुंचे कप्तान कॉर्लोस ब्रेथवेट ने फिर से इंग्लैंड के खिलाफ कमाल दिखाया और इस बार अपनी शानदार गेंदबाजी से यहां शनिवार को खेले गये एकमात्र टी20 मैच में अपनी टीम को 21 रन से जीत दिलाई. वेस्टइंडीज ने पहले बल्लेबाजी का न्यौता मिलने पर नौ विकेट पर 176 रन बनाए और फिर बाद में इंग्लैंड को 19.3 ओवर में 155 रन पर आउट कर दिया.

पिछले साल वर्ल्ड टी20 फाइनल में ऑलराउंडर बेन स्टोक्स पर लगातार चार छक्के जड़कर टीम को खिताब दिलाने वाले ब्रेथवेट फिर से अपनी टीम की जीत के नायक बने. उन्होंने 3.3 ओवर में 20 रन देकर तीन विकेट लिए. उनके अलावा केसरिक विलियम्स ने 35 रन देकर तीन जबकि सुनील नारायण ने चार ओवर में 15 रन देकर दो विकेट लिए. नारायण को मैच का सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी चुना गया. स्टोक्स को इस मैच से विश्राम दिया गया था.

क्रिस गेल (21 गेंदों पर 40 रन) और इविन ल्यूस (51) ने पहले विकेट के लिए 33 गेंदों पर 77 रन की साझेदारी करके वेस्टइंडीज को तूफानी शुरूआत दिलाई. इसके बाद हालांकि वेस्टइंडीज ने लगातार विकेट गंवाए लेकिन फिर भी वह चुनौतीपूर्ण स्कोर तक पहुंचने में सफल रहा. निचले क्रम में रोवमैन पावेल ने 28 रन का योगदान दिया. इंग्लैंड की तरफ से आदिल राशिद ने 25 रन देकर तीन और लियाम प्लंकेट ने 27 रन देकर तीन विकेट लिए.

इंग्लैंड ने इसके जवाब में जेसन रॉय का विकेट पहली गेंद पर ही गंवा दिया. एलेक्स हेल्स भी पहली गेंद पर पविलियन लौट जाते लेकिन रोवमैन पावेल ने उनका कैच छोड़ दिया. ब्रेथवेट ने हालांकि हेल्स को बोल्ड करके वेस्टइंडीज को बड़ी राहत दिलाई जिन्होंने केवल 17 गेंदों पर आठ चौकों और एक छक्के की मदद से 43 रन बनाए.

हेल्स के आउट होने के बाद ही टीम का मध्यक्रम चरमरा गया। इंग्लैंड ने चार रन के अंदर तीन विकेट गंवा दिए. एक समय स्कोर एक विकेट पर 64 रन था जो चार विकेट पर 68 रन हो गया. ब्रेथवेट ने इंग्लैंड के टेस्ट कप्तान जो रूट (17) को आउट किया. इसके बाद नारायण ने वनडे कप्तान इयोन मोर्गन (दो) को पविलियन भेज दिया. जोस बटलर (30) और जॉनी बेयरस्टॉ (27) ने पांचवें विकेट के लिए 50 रन जोड़े जबकि प्लंकेट ने 18 रन बनाए लेकिन इससे हार का अंतर ही कम हुआ.