नई दिल्लीः अमेरिका में अंधाधुंध गोलीबारी कर बड़ी संख्या में लोगों को मौत के घाट उतारना कोई नई बात नहीं है. फ्लोरिडा की ताजा घटना से पहले पिछले एक दशक में ऐसी घटनाओं में 400 से अधिक अमेरिकियों की जान जा चुकी है. कुछ ही माह पहले एक अक्टूबर 2017 की रात लास वेगास के एक म्यूजिक कंर्सट में की गई फायरिंग में 58 लोगों की मौत हो गई थी जबकि 500 से अधिक घायल हुए थे.  बुधवार को फ्लोरिडा के एक हाई स्कूल में एक पूर्व छात्र द्वारा की गई गोलीबारी में कई छात्रों सहित कम से कम 17 लोग मारे गये हैं. गोलीबारी मामले में संदिग्ध निकोलस क्रूज को हिरासत में ले लिया गया है. एफबीआई मामले की जांच में स्थानीय अधिकारियों की सहायता कर रही है. आइए… हाल के वर्षों में घटी ऐसी कुछ घटनाओं पर नजर डालते हैं… 

अमेरिकाः फ्लोरिडा के हाईस्कूल में पूर्व छात्र ने की अंधाधुंध फायरिंग, 17 की मौत

अमेरिकाः फ्लोरिडा के हाईस्कूल में पूर्व छात्र ने की अंधाधुंध फायरिंग, 17 की मौत

1 अक्टूबर 2017: अमेरिका के इतिहास की यह सबसे बड़ी फायरिंग की घटना थी. इसमें लास वेगास में एक म्यूजिक कंसर्ट में हमलावर ने सेमी ऑटोमेटिक मशीन गन से गोलियों की बौछार कर दी, जिसमें 58 लोगों की मौत हो गई जबकि 500 से अधिक घायल हो गए.

12 जून 2016: अमेरिकी इतिहास की एक सबसे खतरनाक घटना थी. उसमें 49 लोग मारे गए थे. ऑरलैंडो के एक गे नाइट क्लब में उमर सिद्दीकी मतीन नामक व्यक्ति ने अंधाधुंध फायरिंग कर दी. इस घटना में 50 से अधिक लोग घायल भी हुए थे.

14 दिसंबर 2007: वर्जिनिया के वर्जिनिया टेक में एक जिम मैन ने दो जगहों पर अंधाधुंध फायरिंग कर 32 लोगों को मौत की नींद सुला दिया था. इस घटना ने बाद हमलावर ने खुद को गोली मार ली थी.

14 दिसंबर 2012: कनेक्टिकट के न्यूटाउन के सैंडी हूक इलेमेंट्री स्कूल में एडम लैंजा नामक व्यक्ति ने 6-7 साल के 20 बच्चों को मार डाला. इसके अलावा उनसे सात अन्य लोगों को भी गोली मार दी. मरने वालों में हमलावर की मां भी शामिल थी.

16 अक्तूबर 1991: टेक्सास के किलीन में एक 35 वर्षीय सिरफिरे ने पहले अपने पिकअप ट्रक से लोगों को कुचला और फिर फायरिंग कर 23 लोगों को गोली मार दिया. बाद में उसने भी आत्महत्या कर ली.

18 जुलाई 1984: कैलिफोर्निया के सैन यसिद्रो में एक 41 वर्षीय व्यक्ति जेम्स हबर्टी ने मैकडोनल्ड शॉप में शूटिंग कर 21 बच्चों और बड़ों की हत्या कर दी. एक घंटे की कोशिश के बाद पुलिस ने उसे मार गिराया था.

1 अगस्त 1966: टेक्सास के ऑस्टिन में अमेरिकी नौसेना के एक पूर्व सैनिक चार्लेस जोसेफ विटमैन ने यूनिवर्सिटी ऑफ टेक्सास टावर से गोलीबारी कर 18 लोगों को मार डाला जबकि इस घटना में 30 से अधिक लोग घायल हो गए थे.

2 दिसंबर 2015: एक शादीशुद दंपति सैयद रिजवान फारूकी और तशफीन मलिक ने सैन बर्नाडिनो के इनलैंड रिजनल सेंटर में जुटी भीड़ पर फायरिंग कर 14 लोगों को मार डाला.

20 अगस्त 1986: ओकलाहोमा के एडमोंड में एक शख्स ने अंधाधुंध फायरिंग कर 10 मिनट के भीतर 14 लोगों को मार डाला था. हमलावर ने तीन हैंडगन से फायरिंग की और बाद में खुद को भी गोली मार ली.

5 नवंबर 2009: टेक्सास के फोर्ट हूड में मेजर निदक मलिक हसन ने फायरिंग कर 13 लोगों को मार डाला. बाद में उसे मौत की सजा दी गई.

3 अप्रैल 2009: न्यूयॉर्क के बिंघम्टन में एक एमिग्रेंट कम्यूनिटी सेंटर पर फायरिंग कर एक शख्स ने 13 लोगों को मार डाला. बाद में उसने भी आत्महत्या कर ली.

20 अप्रैल 1999: कोलोराडो के लिटिलटन के क्लूमबाइन हाई स्कूल में दो साथियों ने फायरिंग कर 12 साथियों और एक टीचर को मौत की नींद सुला दिया था. इसके बाद दोनों ने स्कूल की लाइब्रेरी में आत्महत्या कर ली.

16 सितंबर 2013: वॉशिंगटन नेवी यार्ड में हुई शूटिंग की एक घटना में 12 लोगों की मौत हो गई. हमलावर ऐरोन एलेक्सिस भी मारा गया था.

20 जुलाई 2012: कोलोराडो में एक फिल्म की स्क्रीनिंग के दौरान हुई गोलीबारी में 12 लोगों की मौत हुई थी, जबकि 58 से अधिक लोग घायल हुए थे.

10 मार्च 2009: अलाबामा में एक हमलावर ने अपनी मां, दादा-दादी, चाचा व चाची सहित 10 लोगों को मार डाला.

1 अक्तूबर 2015: ओरेगॉन के एक कॉलेज में एक हमलावर ने 9 लोगों को मार डाला. बाद में पुलिस के साथ मुठभेड़ में हमलावर मारा गया.

17 जून 2015: डायलन रूप नामक शख्स ने दक्षिणी कैरोलिना के ऐतिहासिक चर्च ऐमैनुएल अफ्रीकन मेथोडिस्ट एपिस्कोपल में नौ लोगों को मार डाला.

12 अक्टूबर 2011: कैलिफोर्निया के सीन बीच पर सैलून मेरिटेज में गोलीबारी में आठ लोगों की मौत हुई.

3 अगस्तर 2010: कनेक्टिकट के मैनचेस्टर में एक शख्स ने अपने आठ साथियों को मौत के घाट उतारने के बाद खुद को गोली मार ली.

19 अप्रैल 2010: क्रिस्टोफर स्पेट नामक एक शख्स ने वर्जिनिया के करीब एक घर में गोलीबारी कर आठ लोगों को मार डाला था.