Bihar Assembly Election 2020: बिहार में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं और चुनाव से पहले राजनीतिक हलचल तेज हो गई है. सबसे ज्यादा हलचल राष्ट्रीय जनता दल (RJD) में देखी जा रही है. पार्टी के वरिष्ठ नेता रघुवंश प्रसाद सिंह ने गुरुवार को सादे कागज पर लालू के नाम चिट्ठी लिखकर पार्टी से अपना इस्तीफा दे दिया है, जिसपर लालू ने भी चिट्ठी लिखकर ही जवाब दिया है. Also Read - Unlock-4: बिहार से नेपाल, यूपी और झारखंड के लिए जल्द खुलेंगी बसें, हो रही तैयारी

रघुवंश प्रसाद सिंह ने अपनी चिट्ठी में लिखा कि अब वो राजद में नहीं रहना चाहते, लालू ने भी चिट्ठी लिखकर उनका इस्तीफा नामंजूर कर दिया है और उनके जल्द स्वस्थ होने की कामना करते हुए आने वाले समय में मिल बैठकर समस्या का समाधान ढूंढने की बात कही है.इसके  बाद वरिष्ठ नेता रघुवंश प्रसाद सिंह ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नाम पत्र लिखा है जिसमें उन्होंने तीन मांग रखी है. Also Read - बिहार में पोस्टर वार: 'एक ऐसा परिवार जो बिहार पर भार' लालू 'सजायाफ्ता कैदी नंबर 3351'

रघुवंश प्रसाद ने सीएम नीतीश कुमार के साथ-साथ सिंचाई मंत्री और बिहार के प्रधान सचिव प्रत्यय अमृत के नाम भी पत्र लिखा है. सीएम नीतीश कुमार के नाम लिखे अपने पत्र में उन्होंने कहा है कि “मनरेगा कानून में सरकारी और एससी-एसटी की जमीन में काम होगा’ क्या प्रबंध है, उस खंड में आम किसानों की जमीन में भी काम होगा, जोड़ दिया जाए. इस आशय का अध्यादेश तुरंत लागू कर आनेवाले आचार संहिता से बचा जाए. किसानों की जमीन को रकबा के आधार पर मजदूरों की संख्या को सीमित रखा जाए. मजदूरी में आधी सरकार और आधी मजदूरी किसान भी दे. यह काम छूट गया था। इसे करा दें.” Also Read - बिहार: विधायक जी ने दी धमकी-अगर हम हारे तो तुम्हारे गांव में अकाल पड़ेगा, Video पर बवाल

नीतीश कुमार के नाम लिखे दूसरे पत्र में रघुवंश प्रसाद ने कहा है कि ”वैशाली जनतंत्र की जननी है. विश्व का प्रथम गणतंत्र है, लेकिन इसके लिए सरकार ने कुछ नहीं किया है. इसलिए मेरा आग्रह है कि झारखंड राज्य बनने से पहले 15 अगस्त को मुख्यमंत्री पटना में और 26 जनवरी को रांची में राष्ट्रध्वज फहराते थे.

इसी प्रकार 26 जनवरी को पटना में राज्यपाल और मुख्यमंत्री रांची में राष्ट्रध्वज फहराते थे. उसी तरह 15 अगस्त को मुख्यमंत्री पटना में और राज्यपाल विश्व के प्रथम गणतंत्री वैशाली में राष्ट्रध्वज फहराने का निर्णय कर इतिहास की रचना करें. इसी प्रकार 26 जनवरी को राज्यपाल पटना में और मुख्यमंत्री वैशाली गढ़ के मैदान में राष्ट्रध्वज फहराएं.

आप 26 जनवरी, 2021 को वैशाली में राष्ट्रध्वज फहराएं.इस आशय की सारी औपचारिकताएं पूरी हैं. फाइल मंत्रिमंडल सचिवालय में लंबित है. केवल पुरातत्व सर्वेक्षण से अनापत्ति प्रमाण पत्र आना बाकी था, जो आ गया है. आग्रह है कि कृपा कर आप इसे स्वीकृत कर दें.”
रघुवंश प्रसाद ने नीतीश कुमार से तीसरी मांग पूरी करने की अपील करते हुए भगवान बुद्ध का पवित्र भिक्षापात्र अफगानिस्तान से वैशाली लाने का जिक्र किया है.