पटना. बिहार में अपनी मांगों को लेकर राज्य के सभी 456 प्रखंडों के प्रखंड विकास पदाधिकारी (बीडीओ) शुक्रवार से अनिश्चितकालीन सामूहिक अवकाश पर चले गए. बिहार ग्रामीण विकास सेवा संघ के अध्यक्ष प्रशांत कुमार ने यहां शुक्रवार को कहा कि बिहार ग्रामीण विकास सेवा के सभी अधिकारी आज (शुक्रवार) से अनिश्चितकालीन अवकाश पर चले हैं. उन्होंने ग्रामीण विकास विभाग पर अनदेखी करने का आरोप लगाते हुए कहा कि बिहार ग्रामीण विकास सेवा के कर्मियों की मांगों को ग्रामीण विकास विभाग मुख्यमंत्री और मुख्य सचिव के समक्ष नहीं रख रहा है, जिस कारण उन लोगों को हड़ताल पर जाने के लिए विवश होना पड़ा.

उन्होंने कहा कि संघ की मुख्य मांगों में बिहार ग्रामीण विकास सेवा का पुनर्गठन एवं वेतन विसंगति दूर करना शामिल है. प्रशांत ने कहा कि पहले ग्रामीण विकास विभाग के सचिव के आश्वासन के बाद पिछले वर्ष ग्रामीण विकास सेवा संघ ने अपनी प्रस्तावित हड़ताल स्थगित कर दी थी. लेकिन हमारी मांगों पर कार्रवाई न होने के विरोध में अंततः हमें हड़ताल पर जाना पड़ा.

इधर ग्रामीण विकास विभाग ने राज्य के सभी जिलाधिकारी को प्रखंड विकास पदाधिकारियों का बिना समुचित कारण के अवकाश स्वीकृत नहीं करने के निर्देश दिए हैं. विभाग ने निर्देश में अनधिकृत रूप से अनुपस्थित प्रखंड विकास पदाधिकारियों को अनुपस्थित रहने के कारण पूछने का भी निर्देश दिया गया है. विभाग का मानना है कि किसी भी परिस्थिति में विभागीय कार्यों के निष्पादन में कठिनाई नहीं होनी चाहिए.