Bihar Polls 2020: बिहार में विधानसभा चुनाव को लेकर सभी दलों ने पूरी ताकत झोंक दी है. पहले चरण का चुनाव बुधवार को संपन्न हो गया है. पहले चरण में 71 सीटों पर वोट डाले गए. दूसरे चरण के चुनाव से पहले भी आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है. NDA से किनारा करने वाली लोजपा बीजेपी ने निशाने पर है. भारतीय जनता पार्टी के नेता LJP को ‘वोटकटवा’ तक बोल चुके हैं. Also Read - बीजेपी का बड़ा आरोप- दिल्ली में केजरीवाल सरकार ने 60 प्रतिशत कम की कोरोना टेस्टिंग, इसीलिए बढ़ रहे मामले

NDTV की रिपोर्ट के अनुसार, LJP अध्यक्ष चिराग पासवान ने कहा, ‘BJP नेता हर दिन नीतीश कुमार को इस बात की संतुष्टि देते हैं कि भारतीय जनता पार्टी का चिराग पासवान और एलजेपी से कोई लेना देना नहीं है. फिर भी वो इस बात को लेकर संतुष्ट क्यों नहीं होते हैं? उन्होंने कहा कि अब जब तक वो पीएम से नहीं सुन लेंगे तब तक भी उनको संतुष्टि नहीं होगी. मुझे लगता है पीएम के बाद, राष्ट्रपति या दूसरे देशों के राष्ट्रपति या फिर अमेरिका के राष्ट्रपति से भी यह बात सुनना चाहेंगे. Also Read - पीएम मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी में राजीव गांधी की प्रतिमा पर कालिख पोती, कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने दूध से साफ की

उधर, चिराग पासवान का एक वीडियो वायरल होने और उस पर जेडीयू के सवाल उठाए जाने पर चिराग ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि यह मुद्दों से ध्यान भटकाने की कोशिश है. इन दिनों चिराग का एक वीडियो वायरल हो रहा है, जिसमें वे अपने पिता रामविलास पासवान की तस्वीर के सामने शूटिंग कर रहे हैं. वायरल वीडियो में वह हंसी-मजाक कर रहे हैं. जेडीयू ने चिराग की इस हंसी पर सवाल खड़ा किया है. Also Read - WB Assembly Election: मतुआ समुदाय पर ममता बनर्जी की नजर, इस दिन करेंगी रैली, जानें यह क्यों हैं खास

जेडीयू के नेता और मंत्री नीरज कुमार ने कहा कि किसी के पिता के साया छीन जाने पर दुख स्वभाविक है. उन्होंने कहा राजनीतिक और पारिवारिक दोनों अलग-अलग चीजें हैं. अब ऐसे मौके पर लोगों के मुंह से शब्द नहीं निकलता है और हंसना तो बड़ी बात है. इधर, जेडीयू प्रवक्ता राजीव रंजन ने कहा कि चिराग अपने पिता के निधन के अगले दिन कैमरे के सामने खड़े हो गए. ये अमानवीय अनैतिक तस्वीर है, जिसकी जितनी भर्सना की जाए कम है.

इधर, यह वीडियो वायरल होने पर चिराग ने कहा, ‘मेरी समझ में नहीं आ रहा की वो वीडियो किस उद्देश्य से दिया गया है, क्या मुझे प्रमाण देने की जरूरत है कि मैं अपने पिताजी की मृत्यु से कितना दुखी हूं. सवाल उठाना है तो मेरी नीतियों पर सवाल उठाइए, मेरी कार्यशैली पर सवाल उठाइए.’ उन्होंने आगे कहा, ‘पापा के जाने का मुझे कितना दुख है अब ये मुझे क्या नीतीश कुमार जी को भी प्रमाणित करना होगा? मैं रोज शूट कर रहा हूं. ऑप्शन क्या है मेरे पास.. पापा का ऐसे समय पर निधन हुआ जब चुनाव प्रचार सिर पर था.’

चिराग आगे कहते हैं, ‘मुख्यमंत्री इतना नीचे गिर सकते हैं, यह नहीं सोचा था. ताज्जुब होता है. मेरी नीतियों पर वार करें मुख्यमंत्री. मुंगेर की घटना से ध्यान भटकाने के लिए यह चाल कामयाब नहीं होगी साहब की और अब जनता भी कभी माफ नहीं करेगी नीतीश कुमार जी को.’

(इनपुट: एजेंसी से भी)