नई दिल्ली. लोकसभा चुनाव के लिए लोक जनशक्ति पार्टी (लोजपा) की ओर से सीट बंटवारे को लेकर दबाव बनाने के बाद, ऐसा माना जा रहा है कि बिहार में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) में 2019 चुनाव के लिए सीट बंटवारे पर फैसला हो चुका है. भाजपा और जनता दल (यूनाइटेड) जहां 17-17 सीटों पर चुनाव लड़ेंगे, वहीं रामविलास पासवान की अगुवाई वाली लोजपा छह सीटों पर चुनाव लड़ेगी. यह भी माना जा रहा है कि लोजपा को अपने पाले में रखने के लिए, भाजपा अपने कोटे से लोजपा को राज्यसभा की एक सीट देने पर भी सहमत हो गई है. इस बारे में घोषणा संभवत: शनिवार को भाजपा अध्यक्ष अमित शाह, बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और लोजपा अध्यक्ष रामविलास पासवान की मौजूदगी में हो सकती है.

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लोजपा प्रवक्ता संजय सर्राफ ने कहा, “निर्णय हुआ है कि हमारी पार्टी लोकसभा की छह सीटों पर चुनाव लड़ेगी और राज्यसभा की हमें एक सीट मिलेगी.” इससे पहले दिन में केंद्रीय मंत्री अरुण जेटली ने रामविलास पासवान और उनके बेटे चिराग पासवान से 2019 लोकसभा चुनाव के मद्देनजर सीट बंटवारे पर चर्चा की. लोजपा के नेताओं ने गुरुवार को भाजपा अध्यक्ष अमित शाह से मुलाकात की थी और सीट बंटवारे पर वार्ता को लेकर हो रही देरी पर अपनी चिंताओं से अवगत कराया था. जेटली से मुलाकात के बाद, लोजपा संसदीय दल के अध्यक्ष चिराग पासवान ने उम्मीद जताई कि वार्ता सही दिशा में आगे बढ़ेगी.

उन्होंने पत्रकारों से कहा, “वार्ता चल रही है. सही समय पर इस संबंध में घोषणा की जाएगी. हमने भाजपा नेतृत्व के समक्ष अपने बिंदुओं को रख दिया है और सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि हमारी बात सुनी गई. आशा है कि सब कुछ अच्छा होगा.” बैठक में भाग लेने वाले चिराग के चाचा रामचंद्र पासवान ने कहा कि लोजपा राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन का हिस्सा बनी रहेगी. रामचंद्र पासवान ने कहा, “हम राजग में हैं और बने रहेंगे. सीट बंटवारे पर फैसला इस सप्ताह होगा.” उन्होंने संवाददाताओं से कहा, “किसी भी खास क्षेत्र में अपनी पकड़ रखने वाली पार्टी की इज्जत होनी चाहिए. हम एक छोटी पार्टी हैं. हमें तैयारी के लिए पूरा समय चाहिए. इसलिए हम चाहते हैं कि यह मामला जल्द से जल्द सुलझ जाए.”

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भाजपा सूत्रों का कहना है कि सीटों पर अंतिम निर्णय बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के साथ भाजपा और लोजपा नेताओं की बैठक के बाद होगा, जो कि अभी दिल्ली में हैं. भाजपा के एक नेता ने यह भी दावा किया कि बातचीत सही दिशा में आगे बढ़ रही है और इस संबंध में जल्द से जल्द अंतिम निर्णय लिया जाएगा. बीते लोकसभा चुनाव में भाजपा ने बिहार में 30 सीटों पर चुनाव लड़ा था और 22 पर जीत हासिल की थी, वहीं लोजपा ने छह सीटें जीती थी और एक पर उसे हार का सामना करना पड़ा था. वहीं, राष्ट्रीय लोक समता पार्टी (रालोसपा) ने तीन सीटें जीती थी. रालोसपा अब राजद-कांग्रेस के महागठबंधन का हिस्सा है.

2014 में जनता दल (युनाइटेड) ने अकेले चुनाव लड़ा था और केवल दो सीटों पर ही जीत हासिल की थी. भाजपा नेता व बिहार में पार्टी मामलों के प्रभारी भूपेंद्र यादव गुरुवार को पहले चिराग और रामविलास पासवान से मिलने गए और बाद में तीनों नेता अमित शाह के आवास पर उनसे मिलने गए. वहां वित्तमंत्री अरुण जेटली से इन लोगों ने मुलाकात की. भाजपा और जद (यू) ने पहले ही घोषणा कर दी है कि दोनों पार्टियां 2019 लोकसभा चुनाव में बराबर की सीटों पर चुनाव लड़ेंगी.