नई दिल्‍ली: बिहार सरकार ने कोरोना महामारी के चलते मैट्रिक और इंटरमीडिएट परीक्षा में एक या दो विषयों में फेल छात्रों को एक्स्ट्रा नंबर का ग्रेस देकर पास करने का महत्वपूर्ण निर्णय लिया है. सरकार के इस कदम के चलते Bihar School examination board (BSEB) ने हाईस्‍कूल और इंटरमीडिएट के 2,14,287 परीक्षार्थियों को बगैर सप्‍लीमेंट्री परीक्षा के पास कर दिया है. 10वी और 12 की परीक्षा में ऐसे फेल छात्रों को पास किया गया है, जो सिर्फ एक या दो विषय में अनुत्‍तीर्ण हुए. Also Read - Bihar Board Intermediate Exam 2020-22: BSEB ने इंटरमीडिएट परीक्षा के लिए आज से रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया की शुरू, जानें इससे जुड़ी खास बातें 

बिहार विद्यालय परीक्षा समिति, पटना Bihar School examination board (BSEB) ने जारी बयान में कहा, बिहार सरकार ने कोरोना महामारी के चलते मैट्रिक और इंटरमीडिएट परीक्षा में एक या दो विषयों में फेल छात्रों को एक्स्ट्रा नंबर का ग्रेस देकर पास करने का महत्वपूर्ण निर्णय लिया. Also Read - Bihar Board 12th Exam 2021: BSEB ने इंटरमीडिएट परीक्षा के लिए आवेदन करने की बढ़ाई डेट, जानें इससे जुड़ी खास बातें 

बता दें कि बिहार में इस साल बिहार में 2020 का मैट्रिक और इंटर की परीक्षाओं के रिजल्ट लगभगर तीन लाख से ज्यादा छात्र फेल हो गए थे. बिहार सरकार ने बढ़ते कोरोना संक्रमण के चलते इन छात्रों की दोबारा कंपार्टमेंटल परीक्षा लेने की बजाय उन्‍हें पास करना बेहतर समझा. महामारी के बीच परिस्थितियों के चलते बिहार के शिक्षा विभाग ने बड़ा फैसला लेते हुए कंपार्टमेंल परीक्षा में शामिल होने की योग्यता रखने वाले छात्र-छात्रों को बड़ी राहत देते हुए उन्‍हें ग्रेस मार्क्‍स से पास करने का फैसला किया है.

बिहार विद्यालय परीक्षा समिति ने गुरुवार शाम को जारी प्रेस रिलीज के अनुसार मैट्रिक और इंटर के 2,14,287 परीक्षार्थियों को बगैर कंपार्टमेंटल परीक्षा लिए पास किया गया है. इसमें उन्‍हीं परीक्षार्थियों को पास किया गया है, जो एक या दो विषय में फेल हुए थे.

– नए आदेश में 10 वीं में 1,32,486 फेल छात्र पास किए गए, जबकि कुछ 2,08,147 छात्र-छात्राएं अनुतीर्ण हुए थे
– 12वीं में 72,610 फेल परीक्षार्थियों को पास किया गया, जबकि कुल 1,32,486 स्‍टूडेंट फेल हुए थे