Bihar Assembly Election 2020: चुनाव से पहले केंद्र सरकार बिहार पर मेहरबान है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बिहार के लिए कई योजानाओं का शुभारंभ और शिलान्यास किया है. इसके अलावे पीएम मोदी बिहार को दो और बड़ी सौगातें दे सकते हैं. जानकारी के मुताबिक दरभंगा में एम्स बनाने को लेकर मोदी कैबिनेट मंगलवार को मंजूरी मिल गई है और इसके अलावा इंडियन इन्स्टिट्यूट ऑफ मैनेजमेंट (IIM) बनाने के प्रोजेक्ट को भी मंजूरी मिल सकती है. Also Read - Bihar Assembly Election 2020: चुनाव से पहले भाजपा ने बदली टीम, कौन अंदर-कौन बाहर

केंद्रीय कैबिनेट ने मंगलवार को दरभंगा में एम्स खोलने को मंजूरी दी है. इसकी मांग सालों से की जा रही थी. एम्स 1264 करोड़ रुपए की लागत से चार साल के अंदर बनकर तैयार होगा. प्राइमरी प्रोजेक्ट रिपोर्ट के अनुसार दरभंगा एम्स 750 बेड का होगा. Also Read - Bihar Assembly Election 2020: बदले समीकरण में BJP-JDU के बीच इन सीटों पर फंसेगा पेंच, जानिए

बता दें कि दरभंगा में एम्स और आइआइएम शुरू करने की मांग लंबे समय से हो रही है. बिहार में IIM का एक भी कैंपस नहीं है. झारखंड बनने के बाद बिहार में बना IIM अब जमशेदपुर यानी झारखंड के हिस्से में चला गया है इन दोनों प्रोजेक्ट को लेकर सरकार ने रूपरेखा तैयार कर ली है और जल्द ही बिहार में दूसरा एम्स और आइआइएम भी होगा. Also Read - CM नीतीश से मिले बिहार के Ex DGP गुप्तेश्वर पांडेय, कयासबाजी हुई तेज, तो कह दी ये बात

इसके बाद जदयू ने प्रेस कांफ्रेंस कर खुशी जताई है और कहा है कि किसी ने सपने में भी नहीं सोचा था कि बिहार को दूसरा एम्स मिलेगा, आईआईटी बिहार में होगा, लेकिन हमने वह करके दिखाया है.  आज बिहार के हरेक ज़िले में इंजीनियरिंग कॉलेज और पॉलीटेक्निक कॉलेज खुला है, हरेक ज़िले में महिला ITI खुले हैं और खुल रहे हैं. नीतीश कुमार जी की जिद की वजह से ही ये संभव हो पाया है.

जदयू नेता संजय झा ने कहा कि नीतीश कुमार खुद भी इंजीनियर हैं.टेक्नोलॉजी और इंजीनियरिंग का पूर्णतः उपयोग नीतीश जी ने बिहार कर विकास के लिए किया है. बिहार के दरभंगा जिले में 1264 करोड़ की लागत से दूसरा एम्स बनेगा.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी बिहार को आज कई योजनाओं की सौगात दी और कहा, ‘बिहार तो देश के विकास को नई ऊंचाई देने वाले लाखों इंजीनियर देता है. बिहार की धरती तो आविष्कार और इनोवेशन की पर्याय रही है. बिहार के कितने ही बेटे हर साल देश के सबसे बड़े इंजीन्यरिंग संस्थानों में पहुँचते हैं, अपनी चमक बिखेरते हैं.