नई दिल्ली. बिहार के लिए देश के विभिन्न स्थानों से चलने वाली ट्रेनों में रेल यात्रियों की भीड़ को देखते हुए रेलवे ने एक और नई ट्रेन चलाने की घोषणा की है. खासकर उत्तर बिहार के प्रमुख शहर दरभंगा से पंजाब जाने वाले यात्रियों की संख्या को देखते हुए इस नई ट्रेन को चलाने की घोषणा की गई है. यह नई साप्ताहिक ट्रेन ‘अंत्योदय एक्सप्रेस’ होगी. बिहार के दरभंगा से पंजाब के जालंधर तक चलने वाली इस ट्रेन के सभी कोच अनारक्षित श्रेणी के होंगे. लेकिन इसमें यात्रियों को स्लीपर बोगी जैसी सुविधाएं मिलेंगी. अत्याधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित इस ट्रेन से सफर करने वाले यात्रियों के लिए अब दरभंगा से पंजाब जाना आसान हो जाएगा. केंद्रीय रेल राज्यमंत्री मनोज सिन्हा आगामी 15 मई को इस ट्रेन को नई दिल्ली स्थित रेल भवन से रिमोट द्वारा हरी झंडी दिखाकर रवाना करेंगे. उद्घाटन के दिन यह ट्रेन दरभंगा से दोपहर 3 बजे रवाना होगी. वहीं, जालंधर से 16 मई को दरभंगा के लिए शाम 7.10 बजे अंत्योदय एक्सप्रेस चलेगी. Also Read - ऊनी कपड़ों की बिक्री से उद्योग में रिकवरी, मांग पिछले साल से 40 फीसदी कम

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दुर्घटना रोकने के लिए रेलवे ला रही स्मार्ट कोच, विमान की तरह होंगे ब्लैक बॉक्स

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26 घंटों में दरभंगा से जालंधर पहुंचाएगी अंत्योदय

उद्घाटन के बाद दरभंगा-जालंधर अंत्योदय एक्सप्रेस यात्रियों को 26 घंटे में दोनों शहरों के बीच की यात्रा कराएगी. सप्ताह में एक दिन चलने वाली 22551 अप अंत्योदय एक्सप्रेस ट्रेन हर शनिवार की सुबह 3.40 बजे दरभंगा से चलेगी. इसके बाद सीतामढ़ी, रक्सौल, सुगौली, बेतिया, नरकटियागंज, गोरखपुर, सीतापुर कैंट, बरेली, मुरादाबाद, लक्सर, सहारनपुर, अम्बाला, शाहनेवाल और लुधियाना होते हुए दूसरे दिन रविवार सुबह 5.10 बजे जालंधर पहुंचेगी. दरभंगा से समस्तीपुर-मुजफ्फरपुर या पटना रूट में ट्रेनों की अधिक संख्या के कारण दरभंगा-जालंधर अंत्योदय एक्सप्रेस को सीतामढ़ी के रास्ते चलाया जा रहा है. वापसी की यात्रा में जालंधर से 22552 डाउन अंत्योदय एक्सप्रेस ट्रेन उसी दिन, यानी रविवार की सुबह 10 बजे रवाना होगी और बीच के स्टेशनों पर रुकते हुए सोमवार की सुबह 11.30 बजे दरभंगा पहुंचेगी.

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दरभंगा के रास्ते दूसरी अंत्योदय एक्सप्रेस ट्रेन

जालंधर के लिए चलने वाली अंत्योदय एक्सप्रेस के अलावा दरभंगा के रास्ते पहले से ही एक और अंत्योदय एक्सप्रेस चल रही है. जयनगर से गुजरात के उधना (सूरत) तक के लिए पिछले साल एक अंत्योदय एक्सप्रेस ट्रेन चलाई गई थी. अब जालंधर के लिए नई अंत्योदय एक्सप्रेस शुरू होने के बाद इस रूट पर इन ट्रेनों की संख्या बढ़ गई है. पूर्व मध्य रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी राजेश कुमार के अनुसार दरभंगा-जालंधर अंत्योदय एक्सप्रेस के सभी कोच अनारक्षित होंगे. ये कोच अत्याधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित हैं. अंत्योदय एक्सप्रेस में यात्रियों को स्लीपर बोगियों की तरह सीट, मोबाइल चार्जिंग प्वाइंट आदि की सुविधाएं मिलेंगी. इस ट्रेन में कुल 18 डब्बे होंगे, जिनमें 16 जनरल कोच और दो ब्रेक वैन शामिल हैं.

Shaheed-SaryuYamuna

 

शहीद और सरयु-यमुना एक्सप्रेस में कम होगी भीड़

दरभंगा से पंजाब के लिए नई ट्रेन शुरू हो जाने के बाद इस रूट की अन्य ट्रेनों पर यात्रियों की निर्भरता घटेगी, जिससे ट्रेनों में भीड़ कम होगी. अभी जयनगर से अमृतसर के लिए दरभंगा होकर दो ट्रेनें चलती हैं. जयनगर से चलने वाली शहीद एक्सप्रेस और सरयु-यमुना एक्सप्रेस में पंजाब जाने वाले यात्रियों की भारी भीड़ होती है. हालत यह है कि इन दोनों ट्रेनों की आरक्षित बोगियों में यात्रियों को काफी पहले रिजर्वेशन कराना पड़ता है. तत्काल टिकट की सुविधा होने के बाद भी कई बार यात्रियों को दोनों ट्रेनों में सीट नहीं मिलती. शहीद और सरयु-यमुना एक्सप्रेस ट्रेनों की जनरल बोगियां यात्रियों से ठसाठस भरी रहती हैं. ऊपर से इन ट्रेनों के देरी से चलने के कारण भी यात्रियों को परेशानी उठानी पड़ती है. ये दोनों ही ट्रेनें सुपरफास्ट नहीं हैं. इसलिए भी यात्रियों को दिक्कत होती है. वहीं, अंत्योदय एक्सप्रेस सुपरफास्ट ट्रेन है.

Humsafar-Express

 

दो महीने में बिहार को मिला दो नई ट्रेनों का तोहफा

बिहार के यात्रियों की भीड़ को देखते हुए रेलवे मंत्रालय ने दो महीनों में बिहार को दो नई ट्रेनों का तोहफा दिया है. बीते अप्रैल में चंपारण सत्याग्रह शताब्दी वर्ष के समापन समारोह के मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बिहार को ‘चंपारण हमसफर एक्सप्रेस’ ट्रेन की सौगात दी थी. पीएम मोदी ने मोतिहारी में आयोजित सभा के दौरान ही ‘चंपारण हमसफर एक्सप्रेस’ हरी झंडी दिखाकर रवाना किया था. सप्ताह में दो दिन चलने वाली यह ट्रेन पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन से बापूधाम-मोतिहारी के रास्ते कटिहार तक के लिए शुरू की गई है. पूर्ण रूप से थर्ड एसी के कोच वाली हमसफर एक्सप्रेस ट्रेन भी भारतीय रेलवे की अत्याधुनिक सुविधाओं वाली ट्रेन है. हालांकि इसमें यात्रियों को सामान्य ट्रेनों की थर्ड एसी के मुकाबले ज्यादा किराया चुकाना होता है. वहीं, मई में दरभंगा से जालंधर तक के लिए शुरू की जा रही अंत्योदय एक्सप्रेस ट्रेन भी बिहार के लिए तोहफे की तरह है.

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