नई दिल्ली। राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) के अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव की बेटी मीसा भारती मंगलवार को 8,000 करोड़ रुपये से ज्यादा के धनशोधन मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के समक्ष पेश हुईं. जहां उनसे ईडी के अधिकारियों ने तकरीबन 8 घंटे तक पूछताछ की. बता दें मीसा भारती सुबह करीब 11 बजे ईडी के दफ्तर में पहुंची थी. Also Read - दिल्ली में बढ़ेगी लॉकडाउन की अवधि! डिप्टी सीएम मनीष सिसोदिया ने कही ये बात

बता दें कि तीन दिन पहले ही आयकर विभाग ने मीसा और उनके पति से पूछताछ की थी. मीसा और शैलेष के दिल्ली स्थित ठिकानों पर 8 जुलाई को छापेमारी हुई थी. जैन भाइयों की फर्जी कंपनियों में संलिप्तता को लेकर ईडी ने शनिवार को शैलेश व मीसा की तीन संपत्तियों पर छापेमारी की थी. वहीं इनकम टैक्स ने 16 मई को सुबह लालू प्रसाद यादव के 22 ठिकानों पर छापेमारी की थी. Also Read - COVID19: दिल्‍ली में 51 नए मामलों के साथ अबतक 720 मामले, कुल 12 मरीजों की मौत

गौरतलब हो कि जैन भाइयों की फर्जी कंपनियों में संलिप्तता को लेकर ईडी ने शनिवार को शैलेश व मीसा की तीन संपत्तियों पर छापेमारी की थी. ये छापेमारी 11 फरवरी को दिल्ली की तीस हजारी कोर्ट में जैन बंधुओं- सुरेंद्र कुमार जैन व वीरेंद्र जैन तथा जगत प्रोजेक्ट प्राइवेट लिमिटेड, चार्टर्ड अकाउंटेंट राजेश कुमार अग्रवाल व अन्य के खिलाफ कंपनी अधिनियम के विभिन्न प्रावधानों के तहत आपराधिक षड्यंत्र, धोखाधड़ी के मामले दर्ज किए जाने के संबंध में की गई थी.

प्रवर्तन निदेशालय ने 22 मई को दिल्ली से चार्टर्ड अकाउंटेंट अग्रवाल को गिरफ्तार किया था, जो भारती से जुड़ा बताया जा रहा है. जैन बंधुओं को 20 मार्च को गिरफ्तार किया गया था. ईडी के अधिकारियों के अनुसार, बिहार से राज्यसभा सदस्य मीसा और उनके पति मिशैल पैकर्स व प्रिंटर्स प्राइवेट लिमिटेड के निदेशक थे, जो दिल्ली के बिजवासन इलाके में ‘बेनामी’ संपत्ति सौदे में संदिग्ध है.