पटना: चौथे अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर देश-विदेश में आयोजित कार्यक्रमों में बड़ी संख्या में आम लोगों के साथ राजनेता और सशस्त्र सेनाओं के जवान शामिल हुए. राज्यों की राजधानियों में कार्यक्रम आयोजित हो रहे हैं. बिहार की राजधानी पटना में आयोजित कार्यक्रम में राज्य की गठबंधन सरकार के भाजपा कोटे के मंत्री शामिल हुए, लेकिन मुख्यमंत्री नीतीश कुमार सहित जदयू इस कार्यक्रम से नदारद रहे. हालांकि, उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने इस मामले में गठबंधन के साझीदार दल का बचाव किया है.

पटना में मुख्य कार्यक्रम पाटलिपुत्र स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में आयोजित हुआ. इसका शुभारंभ राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने किया. इसमें केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद और रामकृपाल यादव, राज्य के उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी, स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडे और कृषि मंत्री प्रेम कुमार शामिल हुए. कार्यक्रम में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की गैरमौजूदगी पर बोलते हुए रविशंकर प्रसाद ने कहा कि योग जोड़ने का काम करता है, इसमें राजनीति नहीं ढूंढना चाहिए. उन्होंने यह भी कहा कि नीतीश योग के प्रेमी हैं और मुख्य कार्यक्रम राज्य सरकार द्वारा ही आयोजित किया गया था.

उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने भी जदयू की गैरमौजूदगी को ज्यादा तवज्जों नहीं देते हुए बताया कि कार्यक्रम में भाजपा के भी कई मंत्री शामिल नहीं थे, लेकिन इसका यह मतलब नहीं कि वे सभी योग के विरोधी हैं.

बता दें कि कर्नाटक विधानसभा चुनावों में भाजपा की हार के बाद जदयू के रवैये में थोड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार हालांकि राजग में बने रहने को लेकर लगातार आश्वस्त करने वाले बयान दे रहे हैं, लेकिन पिछले कुछ सप्ताहों से वे भाजपा पर लगातार दबाव बनाने की कोशिश करते नजर आ रहे हैं. बिहार को विशेष राज्य का दर्जा सहित अन्य मुद्दों पर वे लगातार बयान दे रहे हैं.