Bihar Assembly Election 2020: बिहार विधानसभा चुनाव की तैयारियों को लेकर इस बार चुनाव आयोग की कड़ी नजर हवाई उड़ानों पर है, जिसे लेकर आयोग ने देश की 97 विमान कंपनियों से उनका रेट लिस्ट मांगा है और साथ ही कहा है कि कोई भी उम्मीदवार या राजनीतिक दल इस बार अपने हवाई उड़ानों के खर्च का ब्यौरा चुनाव आयोग से छुपा नहीं सकेगा. Also Read - बिहार की सभी 243 सीटों पर चुनाव लड़ेगी जय महाभारत पार्टी, कहा- हम किसानों को समृद्ध करना चाहते हैं

चुनाव आयोग विमान कंपनियों द्वारा दिए गए लिस्ट के सहारे उम्मीदवार और राजनीतिक दलों के स्टार प्रचारकों की हवाई उड़ान का पूरा हिसाब-किताब रखेगा. आयोग ने एनएसओपीएच (नॉन शिड्यूल ऑपरेटर्स परमिट होल्डर) विमान कंपनियों से विमान में होनेवाले खर्च से संबंधित रिपोर्ट की मांग की है.आयोग ने पूछा है कि हम जानना चाहते हैं कि एयरक्राफ्ट की सेवा देने वाली इन विमान कंपनियों का प्रति घंटा शुल्क क्या निर्धारित है. Also Read - Big Breaking: एनडीए में बन गई बात, साथ मिलकर चुनाव लड़ेंगे JDU-BJP-LJP, मांझी भी होंगे साथ

आयोग ने इसके साथ ही जिलों को भी विमान कंपनियों से संपर्क कर उनका रेट लिस्ट लेने का निर्देश दिया है. इस तरह से इस बार चुनाव प्रचार के दौरान स्टार प्रचारक व उम्मीदवारों की हवाई उड़ानों पर चुनाव आयोग की इस बार गहरी नजर है. Also Read - बिहार में बड़े उलटफेर की संभावना, दिल्ली की बैठक में होगा तय, Congress-LJP पर टिकी निगाहें

अपर मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी गोपाल मीणा ने इसके लिए सभी जिलों के जिलाधिकारियों  को भी निर्देश जारी किया है जिसमें उन्होंने कहा है कि वे अपने स्तर से भी विमान कंपनियों की रेट लिस्ट पहले ही हासिल कर लें. आयोग द्वारा तलब की गई विमान कंपनियों में सार्वजनिक क्षेत्र की विमान कंपनियों के अलावा बड़ी संख्या में निजी क्षेत्र की भी विमान कंपनियां शामिल हैं.