Bihar Assembly Election 2020: बिहार पूर्व डीजीपी गुप्तेश्वर पांडेय ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया और अब उनके राजनीति में आने की बातें काफी जोर-शोर से हो रही हैं. उन्होंने खुद कहा है कि चुनाव क्यों नहीं लड़ सकते, इसमें गलत क्या है. इससे उनके चुनाव लड़ने की चर्चाएं तेज हैं, लेकिन वो किस दल के साथ होंगे अभी ये कहना मुश्किल है. हालांकि आज उन्होंने बिहार के मुख्यमंत्री सह जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष नीतीश कुमार से मुलाकात की. Also Read - BJP manifesto 2020: बिहार में NDA की सरकार बनी तो कोरोना का टीका फ्री, भाजपा ने लिए 11 संकल्प...

नीतीश कुमार से हुई मुलाकात के बाद उन्होंने मीडिया को बताया कि अभी वो चुनाव लड़ेंगे या नहीं, ये तय नहीं किया है. हां, उन्होंने सीएम नीतीश का फिर से काफी गुणगान किया और कहा कि उन्होंने मेरे डीजीपी पद पर रहते हुए मेरे कार्यक्षेत्र में कभी दखलअंदाजी नहीं की, उन्होंने मुझे काम करने के लिए पूरी छूट दी, जिस वजह से मैं DGP के तौर पर अपना काम बेहतर तरीके से कर सका. Also Read - सच्चे योगी होने का प्रूफ दें आदित्यनाथ, उन्हें नहीं पता मैंने पाकिस्तान जाकर भारत के बारे में किस तरीके से की थी: ओवैसी

आज के उनके सीएम नीतीश के मुलाकात के बाद अटकलों का दौर तेज रहा कि मुलाकाते के बाद  गुप्तेश्वर पांडेय (Gupteshwar Pandey) जेडीयू में शामिल होने जा रहे हैं. इसी वजह से सीएम नीतीश कुमार ने उन्हें पार्टी के दफ्तर में बुलाया है और आज ही वे जेडीयू की सदस्यता ग्रहण करेंगे. लेकिन इस कयास पर लगाम लगाते हुए पूर्व डीजीपी ने कहा कि ऐसी कोई बात नहीं थी, मैंने अभी चुनाव लड़ने का फैसला नहीं किया है.

बता दें कि हाल में ही बिहार के डीजीपी पद पर रहते हुए पुलिस सेवा से गुप्तेश्वर पांडे ने वीआरएस ले लिया है. इसके बाद से ही कयास लगाए जा रहे हैं कि वे वाल्मीकिनगर से लोकसभा का उपचुनाव लड़ सकते हैं. इसके साथ ही पांडेय को नीतीश कुमार की अगुआई वाली जनता दल यूनाइटेड वाल्मीकि नगर सीट से उपचुनाव में अपना प्रत्याशी बनाने की भी खबरें मिल रही हैं.

दूसरी तरफ उनके बिहार विधानसभा चुनाव में भी बक्सर के किसी विधानसभा सीट से खड़े होने की उम्मीद जताई जा रही है, लेकिन इस बीच वाल्मीकि नगर चुनाव में उनकी दावेदारी ने सियासी रुख मोड़ दिया है लेकिन गुप्तेश्वर पांडेय ने आज इन सभी संभावनाओं को खारिज कर दिया है.