नई दिल्ली: बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद के बेटे और राज्य के पूर्व स्वास्थ्य मंत्री तेजप्रताप यादव ने अपनी पत्नी ऐश्वर्या राय से तलाक की अर्जी वापस ले ली है. एनडीटीवी की खबर के मुताबिक तेज प्रताप यादव के वकील ने यह जानकारी दी. शादी के महज छह महीने बाद तेजप्रताप ने गत 1 नवम्बर को पटना में तलाक की अर्जी दाखिल की थी. जब से तेज प्रताप ने तलाक की अर्जी दी थी वह सार्वजनिक जीवन से गायब थे.Also Read - Aishwarya Rai की पाकिस्तानी हमशक्ल ने कातिलाना हुस्न से बरपाया कहर, शोख अदाओं ने भी किया घायल- VIDEO

कुछ दिन पहले तेज प्रताप ने ट्वीट किया था कि टूटे से फिर ना जुड़े, जुड़े गांठ परि जाए. तेज प्रताप के इस ट्वीट को तलाक के उनके फैसले से पीछे नहीं हटने के रूप में देखा गया. सुनवाई के महज कुछ दिन पहले जिस तरह से उन्होंने ट्वीट किया था उससे ऐसा लगा था कि वह तलाक के अपने फैसले से पीछे नहीं हटेंगे. हालांकि सुनवाई वाले दिन जिस तरह से खबरें आ रही हैं उससे लग रहा है कि तेज प्रताप यादव ने अपना इरादा बदल लिया है. Also Read - Aishwarya Rai की पाकिस्तानी हमशक्ल ने अपनी अदाओं से किया घायल, बोलीं- साजन जी घर आए... Video

तलाक की अर्जी देते समय तेज प्रताप ने कहा था कि ऐश्वर्या के साथ अब और नहीं रह सकते. घुट-घुट कर जीने से कोई फायदा नहीं है. ऐश्वर्या राजद के वरिष्ठ नेता चंद्रिका राय की बेटी और बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री दरोगा राय की पोती हैं. 12 मई को पटना में दोनों की शादी बड़े धूमधाम से हुई थी. अपनी अर्जी में तेज प्रताप ने आपसी तालमेल की कमी को तलाक की वजह बताया था. Also Read - 15 Years Of Dhoom 2: 'धूम 2' ने 15 साल किए पूरे, ऐश्वर्या-ऋतिक रोशन के Kiss ने जमकर मचाया था बवाल

बेटे के फैसले से नाराज बिहार की पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी ने इस साल छठ पूजा नहीं मनाया. तेज प्रताप चेतावनी दे चुके थे कि वह तब तक घर नहीं लौटेंगे जब तक उनके माता-पिता उनके फैसले का समर्थन नहीं करेंगे. तेजप्रताप यादव अपने छोटे भाई और बिहार के पूर्व उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव के जन्मदिन पर भी घर नहीं आए थे और न ही दिल्ली में छोटे भाई से मुलाकात की थी. दिवाली पर भी तेज घर नहीं लौटे थे उन्होंने वृंदावन में दिवाली मनाई.

ब्रज प्रवास के दौरान तेज प्रताप ने पूरा समय या तो एक गेस्ट हाउस में एकांतवास के रूप में बिताया या फिर अलग-अलग तीर्थस्थल का भ्रमण करते रहे, लेकिन मीडिया से पूरी तरह दूरी बनाए रखी. बताया जाता है कि वह कुछ दिन गुप्त तौर पर गौड़ीय आश्रम में भी रहे. इस बीच उन्होंने ऑटो रिक्शा में बैठकर गिरिराज पर्वत की परिक्रमा लगाई. ब्रज चैरासी कोस की यात्रा में आने वाले चारों धाम के दर्शन किए. वृन्दावन में यमुना में नौका विहार किया. टटियास्थल के दर्शन किए. बरसाना में राधारानी के मंदिर में भी दर्शन किए. इस दौरान उन्होंने बिहार वन गौशाला में गायों के साथ समय बिताया. चमेली वन, वृंदादेवी, नंदभवन, गहवर वन, प्रिया कुण्ड, वृषभान कुण्ड, कीर्तिकुण्ड, सूर्यकुण्ड, अष्टसखी कुण्ड, खेलवन, गोकुल, महावन, दाऊजी आदि के दर्शन किए.