हाजीपुर (बिहार): वैशाली जिले में ब्लॉक प्रमुख की हत्या के मामले में जदयू विधायक और नौ अन्य के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है, यह जानकारी पुलिस ने दी. पुलिस को दी शिकायत में आरोप है कि चुनाव के दौरान विधायक ने अपने समर्थकों के साथ साहनी को धमकी दी थी कि वे उन्हें जीतने नहीं देंगे, यदि वह जीते तो भी उन्हें जीने नहीं दिया जाएगा. Also Read - बिहार के क्वारंटीन सेंटरों में बांटे जा रहे हैं कंडोम, अधिकारियों ने कहा- जिसे नहीं मिला उसके घर भेजेंगे हम

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वैशाली के पुलिस अधीक्षक मानवजीत सिंह ढिल्लों ने बताया कि सोमवार को हुई मनीष साहनी की हत्या के सिलसिले में जांदाहा थाने में माहनार से विधायक उमेश सिंह कुश्वाहा सहित 10 लोगों के खिलाफ नामजद प्राथमिकी दर्ज की गयी. साहनी केंद्रीय मंत्री उपेंद्र कुशवाहा की अध्यक्षता वाली राष्ट्रीय लोक समता पार्टी में ब्लॉक प्रमुख थे. कुशवाहा की पार्टी राजग का हिस्सा है. साहनी के भाई प्रकाश ने पुलिस को दी गयी शिकायत में कहा कि इस महीने की शुरुआत में ही साहनी ब्लॉक प्रमुख पद के लिए चुने गए थे. उनके चुनाव पर ब्लॉक शिक्षा अधिकारी और पूर्व ब्लॉक प्रमुख सहित, विधायक तथा उनके समर्थकों को आपत्ति थी. Also Read - 9 जून को वर्चुअल रैली के जरिए बिहार में चुनावी बिगुल फूकेंगे अमित शाह, RJD मनाएगी 'गरीब अधिकार दिवस'

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विधायक ने दी थी धमकी

शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया है कि चुनाव के दौरान, विधायक ने अपने समर्थकों के साथ साहनी को धमकी दी थी कि वे उन्हें जीतने नहीं देंगे, और यदि वह जीते तो भी उन्हें जीने नहीं दिया जाएगा. पुलिस अधिकारी ने कहा कि इस संबंध में अब तक कोई गिरफ्तारी नहीं हुई है. मामले की जांच की जा रही है. कुशवाहा ने मंगलवार को साहनी के गांव का दौरा किया था और कानून व्यवस्था को लेकर राज्य सरकार की “विफलता” की आलोचना की थी.