नई दिल्‍ली: भारत-चीन के चल रहे तनाव के बीच भारत का एक और पड़ोसी देश नेपाल समस्‍याएं पैदा कर रहा है. इस मामले में एक नया मामला सामने आया है. बिहार के एक मंत्री का बयान ताजा बयान है, जिसमें उन्‍होंने कहा है कि गंडक बैराज की मरम्‍मत के काम में पहली बार पैदा कर रहा है. अगर समय रहते इस मामले का समाधान नहीं किया गया तो बिहार बह जाएगा. Also Read - Covid-19: जेल से बाहर आए लालू यादव ने ऑनलाइन मीटिंग में आरजेडी वर्कर्स से की बातचीत

बता दें नेपाल ने हाल ही में सीमा विवाद को तूल देते हुए अपनी संसद में एक मैप बिल पारित किया है, जिसमें भारत के इलाकों पर दावा किया गया है. ताजा मामला बिहार से सामने आया है. Also Read - Coronavirus: PM मोदी ने कोविड-19 स्थिति पर इन 4 राज्यों के मुख्यमंत्रियों से की बात

बिहार के जल संसाधन राज्‍य मंत्री संजय झा ने बताया वाल्मिकी नगर के गंडक बैराज के करीब 36 गेट हैं और 18 गेट नेपाल की तरफ हैं, वहां जो बाढ़ से निपटने का सामान है, उसमें उन्होंने बैरियर लगा रखे हैं जो आजतक कभी नहीं हुआ. आगे बाढ़ का समय है उस तरफ बिहार सरकार ही जाकर बांध को ठीक करती है. Also Read - Bihar: DIG पर नशे में लेडी डॉक्‍टर को बार-बार फोन करने का आरोप, CRPF ने दिया जांच का आदेश

जल संसाधान राज्‍य मंत्री झा ने कहा, अगर हमारे इंजीनियरों के पास बाढ़ से निपटने वाली सामग्री तक पहुंच नहीं होगी, तो बांध की मरम्मत का काम प्रभावित होगा, अगर नेपाल में भारी वर्षा के कारण गंडक नदी का जल स्तर बढ़ता है तो यह एक गंभीर समस्या पैदा कर देगा.

बिहार के मंत्री ने कहा, हमारे स्थानीय इंजीनियर और डीएम संबंधित अधिकारियों के साथ बातचीत कर रहे हैं और अब मैं मौजूदा स्थिति के बारे में विदेश मंत्रालय को पत्र लिखूंगा. यदि इस मुद्दे को समय पर हल नहीं किया जाता है, तो बिहार के बड़े हिस्से में बाढ़ आ जाएगी.

बिहार के मंत्री झा ने कहा, ऐसा पहली बार हो रहा है कि वहां मैटिरियल ले जाने, काम करने, आवाजाही में वो (नेपाल) दिक्कत कर रहे हैं. मैं भारत सरकार के विदेश मामलो के मंत्रालय MEA को सारी स्थिति बताते हुए पत्र लिख रहा हूं. अगर वहां तक नहीं पहुंचे तो बिहार के ज्यादातर हिस्से बाढ़ में डूब जाएंगे.