नई दिल्ली: चुनाव रणनीतिकार प्रशांत किशोर ने दूसरे राज्यों से बिहार आने वाले लोगों के साथ हो रहे ‘दिल दुखाने’ वाले बर्ताव पर बिहार के मुख्यमंत्री की आलोचना की और उनके इस्तीफे की मांग की. Also Read - Complete Lockdown In India! थम नहीं रहा कोरोना का कहर, क्या संपूर्ण लॉकडाउन है विकल्प? सरकार ने भी दिये संकेत- क्या कहते हैं आंकड़े

किशोर ने ट्वीट किया,‘‘कोरोना संक्रमण से लोगों को बचाने की सरकार की कोशिशों की एक और भयावह तस्वीर. देश के अनेक हिस्सों से भारी मुश्किलों का सामना करके बिहार पहुंचने वाले गरीब लोगों के लिए सामाजिक दूरी बनाने और पृथक रखने की नीतीश कुमार की यह व्यवस्था दिल दुखाने वाली है. नीतीश को इस्तीफा देना चाहिए.’’ Also Read - Video: हवा में उड़ते ही निकला एयर एंबुलेंस का पहिया, फिर ऐसे हुई लैंडिंग; सभी सुरक्षित

किशोर ने एक छोटा वीडियो टैग किया जिसमें एक स्थान में कुछ लोग बंद हैं और उनमें से एक अपनी कठिनाइयों का जिक्र करते हुए रोने लगता है. लॉकडाउन की वजह से देश के विभिन्न हिस्से से कामगार अपने गृह राज्य बिहार लौट रहे हैं, ऐसे में राज्य सरकार ने उन्हें पृथक रखने के लिए केन्द्र बनाएं हैं. Also Read - Coronavirus: देश में कब थमेगा कोरोना का कहर? जानें क्या कहते हैं विशेषज्ञ....

ऐसी खबरें हैं कि लोगों की बड़ी संख्या और उनके गुस्से को देखते हुए सरकार उन्हें उनके गांवों तक जाने देने के लिए मजबूर हुई है. किशोर कोरोना वायरस से निपटने के तरीकों पर केन्द्र और बिहार सरकार पर निशाना साधते रहे हैं. हाल ही में उन्होंने कहा था कि 21 दिन का बंद बेतरतीब है.

गौरतलब है कि किशोर जदयू में नीतीश कुमार के बाद दूसरे स्थान पर सबसे ताकतवार माने जाने थे पर सीएए को समर्थन देने के लिए नीतीश की लगातार आलोचना करने के कारण उन्हें इस साल की शुरुआत में पार्टी से निकाल दिया गया था.

(इनपुट भाषा)