नई दिल्ली: एनडीए की सहयोगी और केंद्र सरकार में शामिल लोकजनशक्ति पार्टी के प्रमुख राम विलास पासवान ने रविवार को बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह से मुलाकात कर ST/SC एक्ट यानी दलितों के खिलाफ अत्याचार पर कानून के मूल प्रावधानों को बहाल करने के लिए अध्यादेश लाने की मांग की. इतना ही नहीं पासवान ने एससी-एसटी के लिए प्रमोशन में आरक्षण सुनिश्चित करने की भी मांग की. केंद्रीय मंत्री पासवान ने कहा कि उन्होंने बिहार को विशेष श्रेणी का दर्जा देने का मुद्दा भी उठाया. उन्होंने कहा कि सबसे गरीब राज्यों में एक होने के कारण बिहार इसका हकदार है. Also Read - Hyderabad बना सियासी जंग का अखाड़ा, BJP अध्‍यक्ष नड्डा का कल रोड शो, शाह- योगी भी संभालेंगे मोर्चा

बेटे के साथ शाह से मिले
बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार लंबे समय से यह मांग उठा रहे हैं. बिहार विधानसभा चुनाव में भी यह मुद्दा जोरशोर से उठा था. आरजेडी से अलग होने के बाद इस समय नीतीश कुमार बिहार में बीजेपी के साथ सरकार चला रहे हैं. हाल ही में उन्होंने फिर से इस मुद्दे को हवा दी थी. पासवान ने कहा कि बिहार सबसे गरीब राज्यों में एक है. कई राज्य इसकी मांग कर रहे हैं. बिहार इसका हकदार है. पासवान के साथ उनके बेटे और सांसद चिराग पासवान भी थे. उन दोनों ने बिहार के संबंध में विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की. अगले साल लोकसभा चुनाव के लिए भाजपा नीत राजग के समग्र प्रदर्शन के लिए यह राज्य बहुत महत्वपूर्ण होगा. Also Read - हैदराबाद Local Body Election में उतरे भाजपा के दिग्गज नेता, शाह, योगी और नड्डा ढहा पाएंगे ओवैसी का किला?

शाह ने दिखाया सकारात्मक रुख
बैठक में पासवान ने अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति (अत्याचार रोकथाम) कानून के मूल कड़े प्रावधानों को बहाल करने के लिए अध्यादेश लाने की जरूरत पर बल दिया. उन्होंने यह भी कहा कि सरकार को उन प्रावधानों को हटाने के लिये सुप्रीम कोर्ट का रुख करना चाहिये जो सरकारी नौकरियों में अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति को पदोन्नति में आरक्षण देने की राह में आड़े आते हैं. उन्होंने कहा अगर जरूरी हुआ तो सरकार को इस पर अध्यादेश लाना चाहिए. पासवान ने कहा कि दलितों के मुद्दे पर शाह उनके विचारों से सहमत हुए और उन्होंने सकारात्मक रुख प्रकट किया. Also Read - दिल्ली वालों को बड़ी राहत: कोरोना टेस्ट के लिए नहीं देने होंगे रुपए, गृह मंत्रालय ने लिया फैसला

विशेष राज्य के मुद्दे पर अलग हो चुकी है टीडीपी
2019 के लोकसभा चुनाव में विपक्ष बिहार को विशेष राज्य देने के मामले को जोरशोर से उठा सकता है. ऐसे में बीजेपी नहीं चाहेगी कि विपक्ष को ये मुद्दा मिले. इससे पहले आंध्र प्रदेश को विशेष राज्य के की मांग नहीं माने जाने की वजह से एनडीए की घटक रही टीडीपी केंद्र सरकार से अलग हो गई थी. इसके बाद टीडीपी के प्रमुख बीजेपी और उसकी सरकार पर हमलावर हैं.