नई दिल्ली: लोजपा प्रमुख और केंद्रीय मंत्री रामविलास पासवान की बेटी आशा पासवान ने पिता द्वारा राष्ट्रीय जनता दल (राजद) नेता राबड़ी देवी पर की गई टिप्पणी को लेकर विरोध जताते हुए माफी की मांग की. आशा ने चेतावनी दी है कि अगर उनके पिता इसके लिए माफी नहीं मांगते तो महिलाओं के साथ वे पटना स्थित लोजपा के प्रदेश मुख्यालय के समक्ष धरना पर बैठेंगी. बिहार में आगामी लोकसभा चुनाव जदयू और भाजपा के साथ मिलकर लड़ने जा रहे पासवान ने शुक्रवार को एक प्रेस कान्फ्रेंस के दौरान राजग नीत केंद्र सरकार द्वारा आर्थिक रूप से कमजोर सामान्य वर्ग के लोगों को 10 फीसदी आरक्षण का विरोध करने को लेकर राजद पर निशाना साधा था. Also Read - नीतीश के विश्वासपात्र मंत्री से मिले लोजपा के एक मात्र विधायक, अटकलें तेज

पासवान ने बिना नाम लिये कहा था कि वे (राजद) सिर्फ नारेबाजी करते हैं और एक अंगूठाछाप को मुख्यमंत्री बनाते हैं. 1997 में राजद प्रमुख लालू प्रसाद ने चारा घोटाला के मामले में गिरफ्तारी का सामना करने पर मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देते हुए अपनी पत्नी राबड़ी देवी को मुख्यमंत्री बनाया था जिन्होंने कम औपचारिक शिक्षा प्राप्त की है. आशा ने कहा कि उनके पिता ने यह बयान देकर राबड़ी देवी को अपमानित किया है इससे हम सभी महिलाएं दुखी हैं. उन्हें ऐसा नहीं बोलना चाहिए था. उन्होंने आरोप लगाया कि ‘मेरी मां भी अनपढ़ थीं जिसके कारण पिता (पासवान) ने उन्हें छोड़ दिया. Also Read - Padma Bhushan Award List: रामविलास पासवान और तरुण गोगोई को मरणोपरांत मिला पद्म भूषण अवॉर्ड, यहां देखें पूरी लिस्ट

आशा पासवान रामविलास की पहली पत्नी राजकुमारी देवी की पुत्री हैं. आशा के पति साधु पासवान पिछले साल राजद में शामिल हो गये थे. पिछले साल साधु पासवान ने घोषणा की थी कि राजद द्वारा टिकट दिए जाने पर वे हाजीपुर लोकसभा सीट से रामविलास के खिलाफ लड़ने के लिए तैयार हैं. रामविलास जो कि पिछले लोकसभा चुनाव में हाजीपुर से सांसद चुने गए थे, अगले लोकसभा चुनाव में स्वास्थ्य कारणों ने उनके वहां से चुनाव नहीं लड़ने और राज्यसभा जाने की अटकलें लगाई जा रही हैं. Also Read - Bihar News: JDU नेता की हत्या मामले में RJD की पूर्व विधायक Kunti Devi को उम्रकैद