School Reopen In Bihar: देश में जारी कोरोना संकट के बीच बिहार में लगभग छह महीने बाद आज से स्कूल खोल दिए गए हैं. शिक्षकों से विभिन्न विषयों में मार्गदर्शन लेने के लिए छात्र अभिभावकों से अनुमति लेकर ही स्कूल आ सकेंगे. सरकार के इस फैसले के तहत सप्ताह में बच्चों को सिर्फ दो दिन ही स्कूल आना होगा. इस दौरान 50% टीचिंग और नॉन टीचिंग स्टाफ भी स्कूल आएंगे. सरकार का यह आदेश निजी और सरकारी दोनों स्कूलों पर लागू होगा. Also Read - बिहार की लेडी सिंघम कही जाती हैं लिपि सिंह, मुंगेर हिंसा के बाद सुर्खियों में छायी हैं, जानिए

शिक्षा विभाग के इस बड़े फैसले के तहत 30% बच्चे ही रोज स्कूल आ सकेंगे. इस व्यवस्था के तहत 9वीं से 12वीं क्लास के बच्चे ही विद्यालय में अध्ययन कर सकेंगे. स्कूलों को खोलने को लेकर जो गाइडलाइन सरकार द्वारा जारी किए गए हैं उस आदेश के मुताबिक 9वीं से 12वीं तक का एक बच्चा सप्ताह में सिर्फ दो ही दिन स्कूल जा सकता है. Also Read - Unlock 6.0: सात महीने बाद भी पूरी तरह से नहीं मिलेगी राहत, जानें स्कूल से लेकर मॉल तक क्या खुलेगा क्या रहेगा बंद

बिहार सरकार के इस फैसले के तहत केंद्र सरकार की ओर से जारी एसओपी का पालन करते हुए स्कूल जाने की अनुमति होगी. केंद्र सरकार की ओर से जारी अनलॉक-4 में 9वीं से 12वीं तक के बच्चों को 21 सितंबर से स्कूल जाने की अनुमति दी गई थी. Also Read - कोरोना के दौर में कैसे हुआ बिहार में विधानसभा के पहले चरण का चुनाव, देखें तस्वीरों में...

स्कूल जाने वाले छात्रों और शिक्षकों को जिन गाइडलाइंस का पालन करना होगा उनमें सोशल डिस्टेंसिंग सबसे अहम हैं. इसके अलावा प्रैक्टिकल क्लास भी अभी नहीं होंगे. स्कूल में बच्चों को मास्क लगाकर रहना होगा. साथ ही सैनिटाइजर भी साथ में रखना जरूरी होगा. स्कूल प्रबंधन द्वारा कोरोना महामारी को देखते हुए कई तरह की एहतियात बरती जा रही हैं, जिनमें साफ-सफाई से लेकर आक्सीजन लेवल जांचने के लिए आक्सीमीटर तक की व्यवस्था होगी.

बीते 22 सितंबर को शिक्षा विभाग के प्रधान सचिव संजय कुमार ने एक हाईलेवल बैठक (High Level Meeting) बुलाई थी, जिसमें ये फैसला लिया गया था. प्रधान सचिव संजय कुमार ने यह भी कहा था कि बच्चों की सुरक्षा पहली प्राथमिकता है. केंद्र सरकार की गाइडलाइंस (Central Guidelines For School Reoping) को ध्‍यान में रखकर ये फैसला लिया गया है.