Bihar News: एसके सिंघल अब बिहार के नए पुलिस महानिदेशक (DGP) होंगे.  सिंघल को डीजीपी की कमान सौंपे जाने की अधिसूचना गृह विभाग ने जारी कर दी है. गृह विभाग ने अपनी अधिसूचना में कहा है कि एसके सिंघल अगले आदेश तक के लिए बिहार के डीजीपी बने रहेंगे. एसके सिंघल 1988 बीच के आईपीएस अधिकारी हैं. डीजीपी गुप्तेश्वर पांडेय (Gupteshwar Pandey) के वीआरएस लेने के बाद आईपीएस अधिकारी एसके सिंघल को बिहार के डीजीपी का अतिरिक्त प्रभार दिया गया था.Also Read - बिहार के पूर्व सीएम जीतनराम मांझी ने कहा, मोदीजी, 15 दिन के लिए जम्मू-कश्मीर बिहारियों को सौंप दीजिए, फिर देखिए

सीएम नीतीश के फैसले से बालू माफियाओं में मच गया हड़कंप Also Read - Power Crisis: बिहार के कई जिलों में 10 घंटे से अधिक बिजली की कटौती, जानें क्या बोले सीएम नीतीश कुमार

बीते दिनों बिहार की नई नीतीश सरकार ने ऐसा फैसला लिया है जिससे आम जनता में काफी खुशी देखने को मिल रही है, तो बालू माफियाओं में हड़कंप मच गया है. दरअसल, राज्य सरकार ने 14 और उससे अधिक चक्के वाले वाहनों से बालू की ढुलायी पर रोक लगा दी है. इससे अब बड़े वाहनों से ओवरलोड बालू की धड़ल्ले से हो रही ढुलाई के कारण चमचमाती सड़कें अब गड्ढे में तब्दील होने से बचेंगी. जाम की समस्या से लोगों को निजात मिलेगी. साथ ही सरकारी राजस्व में बढ़ोतरी होगी और इससे राज्य में चल रहे विकास कार्यों को गति मिलेगी Also Read - बिहार के सारण में पति के सामने महिला के साथ छेड़खानी का Video वायरल, जांच में जुटी पुलिस

राज्य मंत्रिमंडल ने ये फैसला लिया है, जिससे अब रोहतास, औरंगाबाद व भोजपुर जिले के लोगों को राहत मिलेगी क्योंकि इन तीनों जिलों में सबसे ज्यादा बालू घाट हैं, अगर प्रशासन का रुख नियम के अनुपालन के लिए कड़ा रहा, तो बालू घाटों से ओवरलोड बालू की लोडिंग नहीं होगी. इससे सड़कों पर ओवरलोड बालू लदे वाहन नहीं दिखेंगे.

डेहरी अनुमंडल पदाधिकारी सुनील कुमार सिंह ने कहा कि 14 या उससे अधिक चक्के वाले वाहनों पर बालू लादने के लिए रोक लगा दी गयी है. अगर, वैसे कोई वाहन सड़क पर पकड़ा जाएगा, तो उक्त वाहन व जिस घाट से उक्त वाहन पर बालू लोड किया गया है, उस घाट के संचालक के ऊपर कानून सम्मत कार्रवाई की जायेगी.