7th Pay Commission Latest News Update: केंद्रीय कर्मचारियों (Central Government Employees) को एक बार फिर वेतन में बढ़ोतरी की खुशखबरी मिल सकती है. पहले महंगाई भत्ता (DA), फिर एचआरए (HRA) और टीए प्रमोशन (TA Promotion) मिलने के बाद अब नए साल में उन्हें फिर से तोहफा मिल सकता है. दरअसल, केंद्रीय कर्मचारियों के लिए फिटमेंट फैक्टर (Fitment Factor) को बढ़ाने की चर्चा चल रही है.Also Read - Budget 2022: सैलरीड क्लास और मध्यम वर्ग के लोगों की मांग, बुनियादी छूट की सीमा बढ़ाए सरकार

बढ़ सकता है फिटमेंट फैक्टर Also Read - Railway Budget 2022: रेलवे को मिल सकता है ज्यादा आवंटन, नए वैगनों और हाइपलूप के उपयोग के प्रावधान का विस्तार भी संभव

इससे पहले साल 2016 में फिटमेंट फैक्टर (Fitment Factor) को बढ़ाया गया था. इसी साल 7वां वेतन आयोग (7th Pay Commission) भी लागू किया गया था. उस समय कर्मचारियों का न्यूनतम वेतन सीधे 6000 रुपये से बढ़ाकर 18,000 रुपये कर दिया गया था. अब सरकार वर्ष 2022 में केंद्रीय कर्मचारियों (CG Employees) के वेतन में फिर से वृद्धि कर सकती है. सूत्रों के मुताबिक साल की शुरुआत में केंद्रीय और राज्य कर्मचारियों का फिटमेंट फैक्टर बढ़ सकता है. फिटमेंट बढ़ने से केंद्रीय कर्मचारियों का न्यूनतम वेतन एक बार फिर बढ़ जाएगा. Also Read - Budget सत्र के पहले चरण में दोनों सदनों की बैठकें अलग-अलग समय पर होंगी, राष्ट्रपति का संबोधन 31 जनवरी को

क्या है फिटमेंट फैक्टर

फिटमेंट फैक्टर वह कारक है जो केंद्रीय कर्मचारियों के वेतन में ढाई गुना से अधिक की वृद्धि करता है. सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों के मुताबिक केंद्रीय कर्मचारियों का वेतन भत्तों के अलावा उनके मूल वेतन और फिटमेंट फैक्टर से तय होता है.

सरकार विचार कर रही है

केंद्र और राज्य सरकार के कर्मचारियों की लंबे समय से मांग रही है कि उनका फिटमेंट फैक्टर 2.57 फीसदी से बढ़ाकर 3.68 फीसदी किया जाए. उम्मीद है कि एक फरवरी 2022 को पेश होने वाले बजट से पहले केंद्रीय कर्मचारियों का फिटमेंट फैक्टर तय हो सकता है. इसके बाद कर्मचारियों के न्यूनतम वेतन में भी बढ़ोतरी होगी.

न्यूनतम मूल वेतन पर गणना

न्यूनतम मूल वेतन = रु 18,000
भत्ते को छोड़कर वेतन = 18,000 X 2.57 = 46,260 रुपये.
26000X3 = रु.78000 3% के आधार पर
टी
कुल योग = 78000-46,260 = 31,740

यानी कर्मचारियों के कुल वेतन में 31,740 रुपये की बढ़ोतरी होगी. यह गणना न्यूनतम मूल वेतन पर की गई है. अधिकतम वेतन वालों को अधिक लाभ होगा.

बजट के मसौदे में हो सकता है शामिल

केंद्रीय कर्मचारियों के फिटमेंट फैक्टर को केंद्रीय कैबिनेट से मिल सकती है मंजूरी बजट से पहले कैबिनेट की मंजूरी के बाद इसे बजट के खर्च में शामिल किया जा सकता है. लेकिन अगर इसे कैबिनेट की मंजूरी मिल जाती है तो इसे बजट (बजट 2022) के मसौदे में शामिल करने की कोई खास जरूरत नहीं है.

कितनी बढ़ेगी सैलरी

अगर फिटमेंट फैक्टर (केंद्र सरकार कर्मचारी फिटमेंट फैक्टर) को मंजूरी मिल जाती है तो कर्मचारियों के वेतन में बंपर बढ़ोतरी होगी. दरअसल, फिटमेंट फैक्टर बढ़ने से न्यूनतम मजदूरी भी बढ़ जाती है. वर्तमान में कर्मचारियों को 2.57 प्रतिशत फिटमेंट फैक्टर के आधार पर फिटमेंट फैक्टर के तहत वेतन मिल रहा है. अब इसे बढ़ाकर 3.68 फीसदी करने की चर्चा चल रही है.

फिटमेंट फैक्टर को 3 गुना बढ़ाने पर जोर

सरकार सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों को लागू करना चाहती है, लेकिन सातवें वेतन आयोग के तहत न्यूनतम वेतन बढ़ाने के पक्ष में नहीं है. सरकार फिटमेंट फैक्टर को 3 गुना बढ़ा सकती है. फिटमेंट फैक्टर बढ़ने से कर्मचारियों का मूल वेतन 18000 रुपये से बढ़कर 21000 रुपये हो जाएगा. उन्हें कैबिनेट सचिव के साथ कर्मचारी संघ की बैठक में भी आश्वासन मिला. सूत्रों की माने तो सरकार अब फिटमेंट फैक्टर पर ज्यादा ध्यान दे रही है.