Longest Budget Speech 2020-21 by Nirmala Sitharaman: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने 2020-21 के लिए संसद में बजट (Budget 2020) पेश कर दिया है. बजट में उन्होंने कई बड़े ऐलान किए हैं. वहीं, निर्मला सीतारमण (Nirmala Sitharaman) ने इस बार करीब 2 घंटा 40 मिनट तक बजट भाषण दिया. आज़ाद भारत के इतिहास का ये पहला मौका है जब किसी वित्त मंत्री ने इतना लंबा बजट भाषण दिया है. इस बीच निर्मला सीतारमण ने एक बार भी पानी तक नहीं पीया. यही नहीं निर्मला सीतारमण ने पूरा बजट तबियत ठीक न होने के कारण नहीं पढ़ा. बताते हैं कि निर्मला सीतारमण ने जब ठीक महसूस नहीं किया तो कई चीज़ें छोड़ कर स्पीच दी. Also Read - PF में अब 5 लाख रुपए तक के कर्मचारी योगदान पर मिलने वाला ब्याज होगा टैक्‍स फ्री

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आज बजट पेश करने जब निर्मला सीतारमण आईं तो किसी को उम्मीद नहीं थी कि वह इतना लम्बा बजट भाषण देंगीं. निर्मला सीतारमण ने ठीक 11 बजे बजट भाषण की शुरूआत की. टाइम बढ़ता रहा और वह बोलती रहीं. 11 बजे से बोलना शुरू हुईं निर्मला सीतारमण 1 बजकर 40 मिनट मिनट पर रुकीं. तब तक वह 2 घंटा 40 मिनट बोल चुकी थीं. इससे पहले जब निर्मला सीतारमण बने 2019-20 का बजट पेश किया था तब भी उनका भाषण काफी लंबा था. वह 2 घंटा 17 मिनट बोली थीं और ये भी सबसे लंबे भाषण का रिकॉर्ड थे. 2019-20 का बजट पेश करते हुए निर्मला ने 17 हज़ार 977 शब्द पढ़े थे. 2020-21 का बजट पेश करते हुए उन्होंने पिछले साल से लंबा भाषण दिया और अपना ही पिछला रिकॉर्ड तोड़ दिया. Also Read - Nirmala Sitharaman: इन्फ्रा के लिए नेशनल बैंक को 20,000 करोड़ रुपये के फंड को मिली मंजूरी

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डेक्कन हेराल्ड की खबर के अनुसार, 2003 में वित्त मंत्री जसवंत सिंह ने 2 घंटा 13 मिनट लंबा बजट भाषण पढ़ा था. उस समय तक जसवंत सिंह का ये भाषण सबसे लंबा था. इससे पहले 1991 में तत्कालीन वित्त मंत्री मनमोहन सिंह (Manmohan Singh) ने बजट पेश करते हुए 18 हजार 650 शब्द पढ़े थे. उस समय ये सबसे लंबा बजट भाषण माना गया था. इसके बाद अरुण जेटली ने 2018 में दूसरा सबसे लंबा बजट भाषण पढ़ा. उन्होंने मनमोहन से थोड़ा कम 18, 604 शब्द पढ़े थे. तीसरा, चौथा, पांचवां लंबा भाषण देने का रिकॉर्ड भी अरुण जेटली के ही नाम रहा था. उन्होंने 2014, 2015 2016 में ये रिकॉर्ड बनाया था.

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