मुंबई: वैश्विक अर्थव्यवस्था पर कोरोना वायरस के संक्रमण का असर बढ़ने की आशंका में शेयर बाजारों में बिकवाली जारी है. घरेलू शेयर बाजारों में शुक्रवार को लगातार छठे दिन गिरावट रही और सेंसेक्स 1,448 अंक गिर गया. बीएसई के 30 शेयरों वाले संवेदी सूचकांक सेंसेक्स में कारोबार के दौरान एक समय 1,525 अंक तक की गिरावट आ गई. हालांकि, कारोबार की समाप्ति पर यह अंतत: 1,448.37 अंक यानी 3.64 प्रतिशत गिरकर 38,297.29 अंक पर बंद हुआ. Also Read - निजामुद्दीन में तबलीगी जमात के आयोजन में शामिल हुए तमिलनाडु के 110 लोग संक्रमित

इसी तरह एनएसई का निफ्टी भी 431.55 अंक यानी 3.71 प्रतिशत गिरकर 11,201.75 अंक पर बंद हुआ. सेंसेक्स की कंपनियों में टेक महिंद्रा में सबसे अधिक गिरावट रही. इसके अलावा टाटा स्टील, महिंद्रा एंड महिंद्रा, एचसीएल टेक, इंफोसिस, भारतीय स्टेट बैंक और बजाज फाइनेंस में भी बड़ी गिरावटें देखने को मिलीं. Also Read - कोविड-19 महामारी को लेकर शोएब अख्तर ने दिया बड़ा बयान, बोले- कंगाल करके छोड़ेगा कोराना

विश्लेषकों के अनुसार, चीन के अलावा अन्य देशों में भी कोरोना वायरस का संक्रमण तेजी से फैलने से वैश्विक अर्थव्यवस्था पर इसके हो सकने वाले असर को लेकर निवेशक घबराये हुए हैं. इस वायरस से दुनिया भर में अब तक 83 हजार से अधिक लोग संक्रमित हो चुके हैं. Also Read - निजामुद्दीन मरकज में जो कुछ भी हुआ, वह राष्ट्र और मानवता के खिलाफ अपराध है: आरिफ मोहम्मद खान

विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों (एफपीआई) की जारी निकासी ने भी घरेलू शेयर बाजारों को कमजोर किया. प्राथमिक आंकड़ों के अनुसार, एफपीआई इस सप्ताह अब तक 9,389 करोड़ रुपये के शेयरों की शुद्ध बिकवाली कर चुके हैं. एशियाई बाजारों में चीन के शंघाई कंपोजिट, हांगकांग के हैंगसेंग, दक्षिण कोरिया के कोस्पी और जापान के निक्की में 3.71 प्रतिशत तक की गिरावट रही.

यूरोप के शेयर बाजार कारोबार के दौरान चार प्रतिशत तक की गिरावट में चल रहे थे. बृहस्पतिवार को अमेरिका के डाउ जोन्स इंडस्ट्रियल एवरेज 1,190.95 अंक गिरकर बंद हुआ. यह इसके इतिहास की सबसे बड़ी एकदिनी गिरावट है. इस बीच कच्चा तेल 3.38 प्रतिशत गिरकर 49.98 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया. रुपया भी कारोबार के दौरान 55 पैसे गिरकर 72.16 रुपये प्रति डॉलर पर चल रहा था.

(इनपुट भाषा)