नई दिल्ली. गुड्स एंड सर्विसेस टैक्स (जीएसटी) काउंसिल सभी चीजों और सेवाओं के लिए टैक्स दर कर चुकी है. इससे कुछ चीजें सस्ती होंगी, तो कुछ महंगी. लेकिन यहां हम आपको बता रहे हैं कि जीसएटी की दरों से आपकी गाड़ी खरीदने के फैसले पर कितना असर पड़ा है. ICRA की रिपोर्ट के मुताबिक, ऑटोमोबाइल सेक्टर पर 28% टैक्स लगेगा. इनमें SUV जैसी बड़ी कारों पर 15% अलग से सेस भी शामिल है, जबकि छोटी गाड़ियों पर पेट्रोल और डीजल गाड़ियों के हिसाब से 1% और 3% का सेस लगेगा. Also Read - खुलेगा बातचीत का रास्ता! भारत-पाकिस्तान ने संघर्षविराम समझौतों का पालन करने पर जताई सहमति

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जीएसटी से पहलेः 4 मीटर से छोटी कारों पर पहले 31.4 % का टैक्स लगता था. जबकि 4 मीटर से लंबी और 1500 सीसी इंजन तक की मीडियम कारों पर 46.6 पर्सेंट, 4 मीटर से लंबी और 1500 सीसी इंजन तक की बड़ी कारों 51.8 पर्सेंट, एसयूवी कारों पर 55.3 पर्सेंट, हाईब्रिड व्हीकल पर 30.3 पर्सेंट टैक्स लगाया जाता था. Also Read - UNHRC में india ने Pakistan को दिखाया आईना- भारत पर उंगली उठाने से पहले अपनी गिरेबान में झांके

जीएसटी के बादः 4 मीटर से छोटी पेट्रोल कारों पर 29 फीसदी, 4 मीटर से छोटी डीजल कारों पर 31 फीसदी, मीडियम साइज और बड़ी कारों पर 43 फीसदी, एसयूवी और हाईब्रिड व्हीकल पर 43 फीसदी टैक्स टैक्स लगेगा.

टू व्हीलर

जीएसटी से पहले टू व्हीलर पर 30 पर्सेंट टैक्स लगता था.

जीएसटी के बाद टू व्हीलर (350 सीसी तक के इंजन) पर टैक्स कम होकर 28 पर्सेंट हो जाएगा. वहीं, 350 सीसी से अधिक के इंजन वाले टी व्हीलर पर 31 पर्सेंट टैक्स लगाया जाएगा.

कमर्शल और थ्री व्हीलर

जीएसटी से पहले कमर्शल व्हीकल पर 30.2 पर्सेंट और थ्री व्हीलर पर 29.1 पर्सेंट टैक्स लगाया जाता था.

जीएसटी के बाद कमर्शल व्हीकल पर 28 पर्सेंट, बस (10-13 पैसेंजर कैपेसिटी) पर 43 पर्सेंट और थ्री व्हीलर पर 28 पर्सेंट टैक्स लगेगा.