FDI News: संयुक्त राष्ट्र ने कहा है कि डिजिटल क्षेत्र में दिलचस्पी के चलते भारत में 2020 में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (Foreign Direct Investment) 13 फीसदी बढ़ा, हालांकि इस दौरान ब्रिटेन (Britain), अमेरिका (America) और रूस जैसी प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं में पूंजी का प्रवाह बहुत तेजी से घटा.Also Read - Highlights IND vs SA 3rd ODI: जीतते-जीतते हार गया भारत, साउथ अफ्रीका ने 3-0 से किया क्‍लीन स्‍वीप

संयुक्त राष्ट्र (United Nations) ने कहा है कि कोविड-19 महामारी के बीच भारत और चीन ने विदेशी पूंजी को आकर्षित किया. Also Read - विराट कोहली को कप्तानी से हटाने की वजह से भारतीय क्रिकेट 'Dead End' पर आ गया है: राशिद लतीफ

व्यापार और विकास पर संयुक्त राष्ट्र सम्मेलन (अंकटाड) द्वारा रविवार को जारी एक रिपोर्ट के मुताबिक 2020 में वैश्विक विदेशी प्रत्यक्ष निवेश (FDI) के 42 फीसदी घटकर 859 अरब अमेरिकी डॉलर रह जाने का अनुमान है, जो 2019 में 1500 अरब डॉलर था. Also Read - IND vs SA, 3rd ODI: सीरीज में Ravichandran Ashwin बुरी तरह फ्लॉप, टीम में चयन से खफा Sanjay Manjrekar

पिछली बार इतना निचला स्तर 1990 के दशक में देखा गया था और यह गिरावट 2008-2009 के वैश्विक वित्तीय संकट के मुकाबले 30 प्रतिशत अधिक है.

अंकटाड ने कहा कि एफडीआई में गिरावट खासतौर से विकसित देशों में देखने को मिली, जहां एक अनुमान के मुताबिक पूंजी प्रवाह 69 फीसदी घटकर 229 अरब डॉलर रह गया.

हालांकि दूसरी ओर डिजिटल क्षेत्र में निवेश से भारत में एफडीआई 13 प्रतिशत बढ़ा है.

रिपोर्ट के मुताबिक दुनिया में सबसे अधिक एफडीआई चीन (China) में आया और यहां पूंजी प्रवाह चार फीसदी बढ़कर 163 अरब डॉलर हो गया.

(PTI Hindi)