नई दिल्ली: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने मंगलवार को कहा कि उद्योग को झिझक छोड़कर देश की आर्थिक वृद्धि में तेजी लाने के लिये निवेश करने की जरूरत है. उन्होंने वृद्धि को गति देने में भागीदारी पर जोर देते हुए कहा कि सरकार पहले ही कई उपाय शुरू कर चुकी है और कई अन्य कदम उठाने को इच्छुक है.Also Read - जब भाषण के बीच अधिकारी ने मांगा पानी तो बोतल लेकर खुद पहुंच गईं वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण, देखें VIDEO

बजट के बाद उद्योग मंडल भारतीय उद्योग परिसंघ (सीआईआई) में परिचर्चा के दौरान उन्होंने कहा कि सरकार पहले ही कंपनी कर में कटौती कर चुकी है, न्यूनतम वैकल्पिक कर हटाया और अब लाभांश वितरण कर समाप्त किया गया है. वित्त मंत्री ने कहा कि हमारा रुख यह है कि हम संपत्ति सृजन पर खर्च करेंगे और उसका व्यापक प्रभाव होगा. इससे उद्योग को लाभ होगा. इसीलिए हम उम्मीद करते हैं कि आप अर्थव्यवस्था को गति देने के लिये आगे आयें. सीतारमण ने कहा कि आज की परिस्थिति में केवल सरकार के खर्च से आर्थिक वृद्धि में तेजी नहीं लाई जा सकती है … जो हम चाहते है. मेरा मानना है कि उद्योग को झिझक छोड़नी चाहिए. Also Read - डब्ल्यूईएफ दावोस शिखर सम्मेलन: भारत से वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण और तीन राज्यों के मुख्यमंत्री होंगे शामिल

अर्थव्यवस्था में तेजी लाने के लिये और कदम उठाने को इच्छुक सरकार
उन्होंने यह भी संकेत दिया कि सरकार अर्थव्यवस्था में तेजी लाने के लिये और कदम उठाने को इच्छुक हैं. वित्त मंत्री ने कहा कि हमने वह सब किया जो हम कर सकते हैं. हम दरवाजा बंद नहीं कर रहे हैं. हम अब भी और कदम उठाने को तैयार हैं. लेकिन मैं चाहती हूं कि सरकार की तरफ से यह सार्थक हस्तक्षेप हो. Also Read - सीतारमण ने निवेशकों को भरोसा दिया, सरकार दूर करेगी हर बाधा