भारत में सोने की मांग जुलाई-सितंबर तिमाही के दौरान 30 फीसदी घटकर 86.6 टन रह गई. वर्ल्ड गोल्ड काउंसिल (WGC) ने अपनी रिपोर्ट में यह जानकारी दी है.गोल्ड के दाम में बढ़ोतरी से भी मांग में कमी आई है. डब्ल्यूजीसी Q3 गोल्ड डिमांड ट्रेंड्स रिपोर्ट के अनुसार, 2019 की तीसरी तिमाही के दौरान समग्र मांग 123.9 टन रही.मूल्य के लिहाज से सोने की मांग 4 फीसदी घट गई, जो कि समीक्षाधीन तिमाही में 39, 510 करोड़ रुपये थी, जबकि 2019 की इसी तिमाही में यह 41,300 करोड़ रुपये थी.डब्लूजीसी के प्रबंध निदेशक, भारत सोमसुंदरम पीआर ने कहा कि भारत की Q3 2020 की सोने की मांग COVID ​​-19 से संबंधित व्यवधानों, कम उपभोक्ता मांग और उच्च कीमतों की वजह से 30 फीसद घटकर 86.6 टन रह गई.उन्होंने कहा कि यह Q2 से अधिक है. यह आंशिक रूप से लॉकडाउन में ढील और अगस्त में कुछ कम कीमतों के कारण हुआ है.इस बीच, भारत में आभूषणों की कुल मांग पिछले साल की समान तिमाही के 101.6 टन की तुलना में 48 फीसदी घटकर 52.8 टन रह गई. मूल्य के लिहाज से जुलाई-सितंबर 2019 में आभूषणों की मांग 29 फीसदी घटकर 24,100 करोड़ रुपये रह गई जो 33,850 करोड़ रुपये थी. हालांकि, 2019 की समान अवधि में 22.3 टन की तुलना में तीसरी तिमाही के दौरान कुल निवेश की मांग 52 फीसदी बढ़कर 33.8 टन हो गई.Also Read - शादी में बेटी को माता-पिता से मिले उपहार को दहेज की श्रेणी में नहीं रख सकते - केरल हाईकोर्ट

अपनी रिपोर्ट में यह जानकारी दी है.गोल्ड के दाम में बढ़ोतरी से भी मांग में कमी आई है. डब्ल्यूजीसी Q3 गोल्ड डिमांड ट्रेंड्स रिपोर्ट के अनुसार, 2019 की तीसरी तिमाही के दौरान समग्र मांग 123.9 टन रही. Also Read - Gold price today, 9th December 2021: सोने-चांदी में बढ़त का रुख, जानें- आज किस भाव पर बिक रहा है सोना?

मूल्य के लिहाज से सोने की मांग 4 फीसदी घट गई, जो कि समीक्षाधीन तिमाही में 39, 510 करोड़ रुपये थी, जबकि 2019 की इसी तिमाही में यह 41,300 करोड़ रुपये थी. Also Read - Gold, silver price today: रिकॉर्ड स्तर से 7,000 रुपये सस्ते में मिल रहा है सोना, जानें- आज क्या हैं 10 ग्राम सोने के रेट?

डब्लूजीसी के प्रबंध निदेशक, भारत सोमसुंदरम पीआर ने कहा कि भारत की Q3 2020 की सोने की मांग COVID ​​-19 से संबंधित व्यवधानों, कम उपभोक्ता मांग और उच्च कीमतों की वजह से 30 फीसद घटकर 86.6 टन रह गई.उन्होंने कहा कि यह Q2 से अधिक है. यह आंशिक रूप से लॉकडाउन में ढील और अगस्त में कुछ कम कीमतों के कारण हुआ है.

इस बीच, भारत में आभूषणों की कुल मांग पिछले साल की समान तिमाही के 101.6 टन की तुलना में 48 फीसदी घटकर 52.8 टन रह गई. मूल्य के लिहाज से जुलाई-सितंबर 2019 में आभूषणों की मांग 29 फीसदी घटकर 24,100 करोड़ रुपये रह गई जो 33,850 करोड़ रुपये थी. हालांकि, 2019 की समान अवधि में 22.3 टन की तुलना में तीसरी तिमाही के दौरान कुल निवेश की मांग 52 फीसदी बढ़कर 33.8 टन हो गई.