Gold ETF Investment: गोल्‍ड एक्सचेंज ट्रेडेड फंड (ईटीएफ) में अक्टूबर में 384 करोड़ रुपये का इनफ्लो हुआ. यह पिछले महीने के मुकाबले 35 फीसदी कम है. यह आंकड़ा बताता है कि निवेशक अब सोने के बजाय सीधे शेयरों में निवेश को तरजीह दे रहे हैं. Also Read - गोल्ड ETF के प्रति बढ़ रहा है निवेशकों का आकर्षण, सितंबर तिमाही में हुआ करोड़ों का निवेश

यह आंकड़ा लगातार सातवें महीने गोल्‍ड ईटीएफ में कुल निवेश को भी बताता है. हालांकि, गोल्‍ड ईटीएफ में निवेश की रफ्तार जुलाई से ही घट रही है. म्यूचुअल फंड कंपनियों के संगठन एम्‍फी के आंकड़ों के मुताबिक, गोल्‍ड ईटीएफ में जुलाई में 922 करोड़ रुपये, अगस्त में 908 करोड़ रुपये, सितंबर म ..

ताजा पूंजी प्रवाह के साथ शुद्ध रूप से गोल्‍ड ईटीएफ में निवेश जनवरी से अक्टूबर के दौरान आठ महीनों में 6,341 करोड़ रुपये रहा. स्टॉक ब्रोकिंग कंपनी फायर्स के रिसर्च हेड गोपाल केवलीरेड्डी ने कहा, ”वैसे तो नेट इनफ्लो सकारात्मक बना हुआ है. लेकिन, उसकी गति कम हुई है. इस ट्रेंड की तुलना शेयर बाजारों के रुख से की जा सकती है. आर्थिक गतिविधियां बढ़ने, शेयर बाजारों में तेजी, अमेरिका में राष्ट्रपति चुनाव के साथ अनिश्चितता खत्म होने और कोरोना वायरस टीके आने की उम्मीद से निवेशक जोखिम ले रहे हैं और सीधे शेयर बाजार में निवेश कर रहे हैं.”

सोने को सुरक्षित निवेश का माध्यम माना जाता है. यह अन्य एसेट में निवेश के जोखिम से बचाव करता है. हालांकि, ऐसा लगता है कि फिलहाल लोग इसमें निवेश को तरजीह नहीं दे रहे हैं.

गोपाल ने बताया, ”पिछले साल और 2020 की पहली छमाही शानदार रही. लेकिन, अब पूंजी प्रवाह शेयर बाजारों में शिफ्ट हो गया है.” गोल्‍ड ईटीएफ के एयूएम अक्टूबर के अंत में 13,862 करोड़ रुपये रहे जो सितंबर के अंत में 13,622 करोड़ रुपये थे.