Good news for Delhiites: गैर-पीडीएस श्रेणी में यानी बिना राशन कार्ड वालों के दिल्ली सरकार राशन का वितरण उचित मूल्य की दुकानों से नहीं, बल्कि स्कूलों से करेगी. यह राशन हर महीने 10 लाख लोगों को बांटा जाएगा. इसके लिए खाद्य एवं आपूर्ति विभाग ने 282 स्कूलों की सूची जारी कर दिल्ली राज्य नागरिक आपूर्ति निगम लिमिटेड (DSCSCL) को लिखित निर्देश दिए हैं.Also Read - Delhi Corona Update: दिल्ली में बीते 24 घंटे में 20 नए केस, एक्टिव मरीजों की संख्या 400 से कम

दरअसल, सुप्रीम कोर्ट का साफ आदेश है कि बिना राशन कार्ड वालों को भी मुफ्त राशन दिया जाए. वैसे तो कोरोना काल में दिल्ली सरकार भी ऐसे लोगों को स्कूलों से मुफ्त राशन बांट रही थी, लेकिन एक पखवाड़े पहले खाद्य एवं आपूर्ति विभाग ने हर वार्ड में दो दुकानों से गैर-पीडीएस राशन बांटने की योजना बनाई. इसके लिए पूरी दिल्ली में करीब 560 दुकानों का चयन किया गया है, लेकिन राशन दुकानदारों से चल रही खींचतान को देखते हुए अब विभाग ने स्कूलों से ही राशन बांटने का फैसला किया है. Also Read - Delhi Corona Update: दिल्ली में बीते 24 घंटे में कोरोना से एक शख्स की मौत, संक्रमण के 33 नए मामले आए सामने

दरअसल, दुकानदार बिना पारिश्रमिक के राशन बांटने और यहां तक ​​कि खुद कूपन बनाने का भी विरोध कर रहे थे. इसे देखते हुए गुरुवार शाम को विभाग ने गैर-पीडीएस श्रेणी के 10 लाख लोगों को स्कूलों से ही राशन बांटने का आदेश जारी किया और चिन्हित स्कूलों की सूची भी जारी कर दी. अब जिन प्रवासी मजदूरों के पास राशन कार्ड नहीं है, उन्हें दिल्ली के चिन्हित 282 स्कूलों से राशन मिल सकेगा. Also Read - UP Polls 2022: मनीष सिसोदिया का बड़ा ऐलान- 'यूपी में AAP की बनी सरकार तो 24 घंटे के अंदर 300 यूनिट फ्री बिजली'

विभाग के सहायक आयुक्त द्वारा जारी आदेश में डीएससीएससीएल के महाप्रबंधक को गैर-पीडीएस बिंदु पर जल्द से जल्द खाद्यान्न उठाने के निर्देश दिए गए हैं. विभाग की ओर से प्रत्येक वार्ड में एक स्कूल पर नॉन पीडीएस प्वाइंट बनाया गया है. जहां से प्रत्येक लाभार्थी को चार किलो गेहूं और एक किलो चावल वितरित किया जाएगा. इन बिंदुओं पर डीएमएससीएससी द्वारा कुल 40 लाख क्विंटल गेहूं और 10 लाख क्विंटल चावल पहुंचाया जाएगा.