Old Age Pension: वृद्धावस्था पेंशन के लिए वेरिफिकेशन शुरू, कौन ले सकता है फायदा? हर महीने कितनी मिलती है रकम

Old Age Pension: इस समय देश में 3.5 करोड़ लोगों को वृद्धावस्था पेंशन योजना का लाभ मिल रहा है. केंद्र सरकार की पेंशन योजना में इस समय 3.19 करोड़ और राज्य सरकार की योजना में 28.74 लाख वरिष्ठ नागरिकों को पेंशन योजना का लाभ मिल रहा है.

Published date india.com Published: April 28, 2025 6:14 PM IST
पढ़िए क्या है ये सुविधा
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केंद्र सरकार ने सीनियर सिटीजन को जिंदगी गुजारने में मदद करने के लिहाज से हर महीने एक तय रकम देने के लिए वृद्धावस्था पेंशन योजना पेश की है. अगर किसी परिवार में सीनियर मेंबर हैं. उनके पास रेगुलर इनकम का कोई जरिया नहीं है, तो वो केंद्र या राज्य सरकार की वृद्धावस्था पेंशन (Old Age Pension) योजना का लाभ उठा सकते हैं. वृद्धावस्था पेंशन योजना में केंद्र और राज्य दोनों सरकारें मिलकर योगदान करती है. इसलिए पेंशन की रकम राज्य के हिसाब से अलग-अलग हो सकती हैं. सरकार ने इस पेंशन योजना का लाभ देने के लिए वेरिफिकेशन प्रोसेस शुरू किया है.

आइए जानते हैं ओल्ड एज पेंशन स्कीम का बेनिफिट लेने के लिए किन शर्तों को पूरा करना जरूरी है? इस स्कीम के तहत कितनी रकम मिलती है? इस पेंशन के लिए बुजुर्ग कैसे अप्लाई कर सकते हैं:-

कब हुई थी शुरुआत?
नेशनल ओल्ड एज पेंशन स्कीम की शुरुआत साल 1995 में हुई थी. ये योजना ग्रामीण विकास मंत्रालय द्वारा राष्ट्रीय सामाजिक सहायता कार्यक्रम (NSAP) के हिस्से के रूप में शुरू की गई थी. 19 नवंबर 2007 में इस योजना का नाम बदलकर इंदिरा गांधी राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन योजना कर दिया गया. बाद में इस योजना का विस्तार करके इसमें गरीबी रेखा यानी BPLसे नीचे गुजारा करने वाले सभी पात्र व्यक्तियों को शामिल किया गया.

पेंशन के रूप में कितनी मिलती है रकम?
ओल्ड एज पेंशन के तहत लाभ पाने वाले सीनियर सिटीजन को जो रकम मिलती है, उसमें कुछ हिस्सा केंद्र का और कुछ राज्य का होता है. इसलिए हर राज्य में पेंशन की रकम अलग-अलग रहती है. दिल्ली, हरियाणा और आंध्र प्रदेश जैसे राज्यों में वृद्धावस्था पेंशन के रूप में सीनियर सिटीजन को 1000 रुपये महीने से अधिक की रकम मिलती है. जबकि हिमाचल में 550, राजस्थान में 500, महाराष्ट्र में 600, बिहार में 400 और यूपी में 300 रुपये महीने दिए जाते हैं.

स्कीम के तहत 60 से 79 साल तक आयु के सीनियर सिटीजन को हर महीने 300-1000 रुपये की दर से पेंशन का लाभ दिया जाता है. इस रकम में 200 रुपये भारत सरकार और बाकी रकम राज्य सरकार द्वारा अंशदान के रूप में दिया जाता है. 80 साल या इससे अधिक उम्र के वृद्धों को प्रतिमाह 500 रुपये की दर से इंदिरा गांधी राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन के रूप में राशि प्रदान की जाती है.

योजना का लाभ लेने की क्या हैं शर्तें?

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  • नेशनल ओल्ड एज पेंशन स्कीम का बेनिफिट सिर्फ उन्हीं सीनियर सिटीजन को दिया जाता है, जिनकी उम्र 60 साल या उससे ज्यादा है. पहले एज लिमिट 65 साल थी.
  • ओल्ड एज पेंशन स्कीम के आवेदक को गरीबी रेखा से नीचे (BPL) जिंदगी गुजारा करने वाले परिवार से संबंधित होना चाहिए.
  • अगर आवेदक के परिवार में बेटे या पोते की उम्र 20 साल से अधिक हो, लेकिन वह भी गरीबी रेखा से नीचे गुजर-बसर कर रहा हो, तब भी इस योजना का लाभ आवेदक को मिलेगा.
  • 60 साल से अधिक उम्र के सीनियर सिटीजन भले ही BPL परिवार के नहीं हों, वृद्धावस्था पेंशन की पूरी राशि राज्य सरकार से पा सकते हैं.

वृद्धावस्था पेंशन की रकम कैसे मिलती है?
आवेदक को उनके बैंक अकाउंट में DBT यानी डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर के जरिए पैसे भेजे जाते हैं. इसके लिए बैंक अकाउंट आधार से लिंक होना चाहिए.

कैसे करें अप्लाई?
राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन योजना के पात्र घर बैठे इसके लिए अप्लाई कर सकते हैं. 1 अप्रैल 2016 से इसके आवेदन की प्रक्रिया को ऑनलाइन कर दिया गया है. BPL परिवार के 60 या उससे अधिक उम्र के बुजुर्ग http://pensions.samagra.gov.in/ignoapdetails.aspx पर क्लिक करके प्रोसेस पूरा करा सकते हैं. इसके साथ ही हर जिले में ब्लॉक लेवल पर RTPS ऑफिस में भी राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन योजना में आवेदन कर सकते हैं.

कितने लोगों को मिल रहा है वृद्धावस्था पेंशन?
सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, इस समय देश में 3.5 करोड़ लोगों को वृद्धावस्था पेंशन योजना का लाभ मिल रहा है. केंद्र सरकार की पेंशन योजना में इस समय 3.19 करोड़ और राज्य सरकार की योजना में 28.74 लाख वरिष्ठ नागरिकों को पेंशन योजना का लाभ मिल रहा है.

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