Onion Price: प्याज की कीमतों में अचानक हुई वृद्धि को देखते हुए केंद्र सरकार ने अब प्याज की कीमतों पर लगाम लगाने के लिए आयात के नियमों में ढील देने का ऐलान किया है, जिससे प्याज की कीमतें कम हो जाएंगी. इसके साथ ही केंद्र सरकार बफर स्टॉक से भी बाजार में प्याज उपलब्ध कराने की तैयारी कर रही है, ताकि त्योहार के मौसम में लोगों को उचित कीमत पर प्याज उपलब्ध कराई जा सके. पिछले दस दिन में प्याज की कीमत 12 फीसदी बढ़ी हैं. Also Read - फ्री में राशन लेने के लिए बचे हैं मात्र 6 दिन, ऐसे ले सकते हैं मोदी सरकार की इस योजना का लाभ

इसके साथ ही सरकार ने सभी भारतीय उच्च आयोगों को यह निर्देश दिया है कि वह संबंधित देशों में व्यापारियों से इस संबंध में संपर्क करे. ताकि, देश में ज्यादा से ज्यादा प्याज आयात की जा सके. उपभोक्ता मंत्रालय की तरफ से जारी बयान में कहा गया है कि प्याज के आयात के लिए नियमों में यह ढील 15 दिसंबर तक जारी रहेगी. इसके साथ ही केंद्र सरकार ने बफर स्टॉक से सफल, केंद्रीय भंडार और राज्य सरकारों को प्याज जारी की है, इसे और बढाया जाएगा. Also Read - प्राकृतिक आपदाओं की मार झेल चुके 6 राज्यों को केंद्र ने दी 4,382 करोड़ की सहायता, सबसे अधिक पश्चिम बंगाल को मिला

उपभोक्ता मंत्रालय का कहना है कि प्याज की कीमतों में पिछले दस दिनों में उछाल आया है. बता दें कि प्याज की कीमतें 51.95 रुपए प्रति किलो तक पहुंच गई है यह इस अवधि में पिछले साल की कीमत के मुकाबले 12 फीसदी अधिक है. सरकार का कहना है कि प्याज की बढती कीमतों पर अंकुश लगाने के लिए सरकार लगातार प्रयास कर रही है. इसमें निर्यात पर रोक भी शामिल है.

सरकार का कहना है कि प्याज की कीमतों में अचानक हुई वृद्धि के कई कारण हैं. इनमें महाराष्ट्र, कर्नाटक और मध्य प्रदेश के कई जिलो में हुई भारी बारिश भी एक बड़ी वजह है. क्योंकि, बारिश की वजह की वजह से खरीफ की फसल खराब हुई. इसके साथ प्याज के भंडारण को भी नुकसान पहुंचा है. मंत्रालय के मुताबिक वह बाजार में उपलब्धता बढाने पर जोर दे रही है.