हैदराबाद: सिंडिकेट बैंक के मुख्य कार्यकारी अधिकारी और प्रबंध निदेशक मृत्युंजय महापात्रा ने शनिवार को यहां कहा कि बैंक को उसकी गैर-निष्पादित आस्तियों (एनपीए) में से 1,500 करोड़ रुपये से अधिक अगले तीन से छह माह में वसूले जाने की उम्मीद है.

उन्होंने यहां पत्रकारों से कहा कि बैंक ने फंसे कर्ज से निबटने के लिए कई प्रक्रियाओं को अपनाया है. बैंक ने 1,500 लोगों की एक विशेष टीम बनायी है जो वसूली की प्रक्रिया को तेज करने के लिए है. उन्होंने बताया कि हमने लक्ष्य बनाया है और इसे हासिल करने को प्रयासरत हैं. कर्ज को वसूलने के लिए बैंक तेजी दिखाएगा. इसके लिए बड़े पैमाने पर तैयारी की गई है.

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इसके अलावा हमने कुछ विशेष शाखाओं को इस काम में ही लगाया है जो सीधे कारपोरेट कार्यालय में रिपोर्ट करेंगी. उन्होंने कहा कि सितंबर तक हमारा सकल एनपीए 12.9 प्रतिशत और शुद्ध एनपीए करीब 6.8 प्रतिशत ही था.