नई दिल्ली: आयकर विभाग पैन समेत करदाताओं से जुड़ी तमाम सूचनाएं बाजार नियामक सेबी के साथ साझा करेगा. इससे नियामक को शेयर बाजार में गड़बड़ी में शामिल इकाइयों के खिलाफ अपनी जांच में मदद मिलेगी. एक आधिकारिक आदेश में यह कहा गया है. केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) ने आयकर कानून की धारा 138 (1) के तहत इस संदर्भ में 10 फरवरी को आदेश जारी किया था. भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) को सूचनाएं तीन श्रेणियों- अनुरोध करने पर, स्वत: संज्ञान तथा स्वत: आधार पर मिलेंगी. Also Read - Income Tax Return: इनकम टैक्स रिटर्न दाखिल करने की तारीख खिसकी आगे, जानें- कब तक फाइल कर सकते हैं ITR

दोनों संगठन इस निर्णय को लागू करने और आंकड़ों के आदान-प्रदान, गोपनीयता को बनाए रखने, आंकड़ों का संरक्षण तथा उपयोग के बाद उसे समाप्त करने के संदर्भ में जल्दी ही समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर कर सकते हैं. Also Read - वित्त वर्ष 2020-21 में अप्रत्यक्ष कर संग्रह 12 प्रतिशत बढ़कर 10.71 लाख करोड़ रुपये हुआ

सीबीडीटी ने कहा कि स्वत: संज्ञान के तहत शेयर बाजार में गड़बड़ी से संबंधित नियमों के उल्लंघन से संबद्ध जांच वाले मामलों की सूची तथा सेबी के लिए जरूरी कोई अन्य सूचना उपलब्ध कराए जाएंगे. Also Read - सेबी के जुर्माने के खिलाफ अपील करेंगे मुकेश अंबानी

वहीं, अनुरोध के आधार पर इनकम टैक्‍स विभाग पैन (स्थायी खाता संख्या) सूचना साझा करेगा. इसमें पैन बनने के लिए आवेदन या उसके बनने की तारीख, पिता या पति का नाम, फोटोग्राफ आदि शामिल हैं. इसके अलावा आयकर रिटर्न में उपलब्ध सूचना जैसे अपने ग्राहक को जानो (केवाईसी), ई-मेल आईडी, मोबाइल नंबर, पता, आईपी एड्रेस, किसी कंपनी द्वारा भरे गए आईटीआर में उपलब्ध वित्तीय सूचना, कर आडिट रिपोर्ट आदि जैसी सूचनाएं भी साझा की जाएंगी.

साथ ही कर विभाग इकाइयों द्वारा टीडीएस (स्रोत पर कर कटौती) और टीसीएस (स्रोत पर कर संग्रह) से संबद्ध लेन-देन के बारे में दी गयी जानकारी तथा अन्य जरूरी सूचनाएं सेबी के साथ साझा करेगा.

आंकड़ों के स्वत: आदान-प्रदान व्यवस्था के तहत फार्म 61 में उपलब्ध सूचना सेबी को दी जाएगी. फार्म 61 वह व्यक्ति भरता है, जिसकी आय कृषि से है और उसे अन्य स्रोत से आय प्राप्त नहीं होती है, जिस पर आयकर लगता है.