Corona Virus: कोविड-19 की महामारी से बचाव के लिए दुनियाभर के वैज्ञानिक कोराना वैक्सीन की खोज के लिए लैब में रात-दिन काम कर रहे हैं. इनमें से दुनिया में दो वैक्सीन को मंजूरी भी मिल गई है,  जबकि कई वैक्सीन का ट्रायल चर रहा है. इस बीच जहां कोरोना के नए प्रकार ने सबको चिंता में डाल दिया है वहीं इस बीच खबर है कि रामदेव बाबा के पतंजलि की इम्यूनिटी बूस्टर कही जानेवाली दवा कोरोनिल (Coronil) लंदन की दुकानों में खूब बिक रही है.Also Read - Corona Virus Update 25 October: 24 घंटे में 443 लोगों की मौत, 14 हज़ार से अधिक नए मामले मिले

लंदन की दुकानों में बिक रही है कोरोनिल Also Read - चीन के लिए खतरे की घंटी, कोरोना फैलने से एक स्टेट में सभी पर्यटक स्थल बंद

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, ‘भारत का हर्बल उपचार (पतंजलि की कोरोनिल टेबलेट) लंदन की दुकानों पर सेल हो रही है. रिपोर्ट के मुताबिक ये दवा मुख्य रूप से एशियाई क्षेत्रों के मेडिकल स्टोर पर ज्यादा देखने को मिल रही है.’मालूम हो कि भारत में बाबा रामदेव ने कोरोनिल को लॉन्च करते वक्त लोगों को भरोसा दिलाया था कि कोरोनिल टेबलेट (Coronil tablet) से कोरोना के मरीज ठीक हो जाएंगे.हालांकि, बाद में इस टेबलेट को एक तरह का ‘इम्यूनिटी बूस्टर’ कहा जाने लगा. Also Read - संजय राउत का दावा- 100 करोड़ वैक्सीन लगाने का दावा ‘झूठा’, लगे सिर्फ इतने खुराक

MHRA ने नहीं दी है कोरोनिल को बेचने की मंजूरी

बता दें कि UK की मेडिसिन्स एंड हेल्थकेयर प्रोडक्ट्स रेगुलेटरी एजेंसी (MHRA) ने पतंजलि की कोरोनिल को अप्रूव नहीं किया है. बीबीसी ने MHRA (Medicines and Healthcare products Regulatory Agency) के हवाले से कहा, ‘ब्रिटेन के जो दुकानदार किसी भी अनाधिकृत औषधीय उत्पाद (unauthorised medicinal product) को बेच रहे हैं उनके खिलाफ एक्शन लिया जाएगा.’

बाबा रामदेव ने किया था ये दावा
बता दें कि कोरोनिल को लॉन्च करने के दौरान रामदेव ने कहा था कि कोरोना की दवा का दो बार ट्रायल किया गया है. 100 लोगों पर दवा का क्लीनिक ट्रायल हुआ था. इनमें 3 दिनों के भीतर 100 में 69% मरीज पॉजिटिव से निगेटिव हुए. 7 दिनों के भीतर 100% मरीज ठीक हुए हैं.

हरिद्वार में दवा की लॉन्चिंग में रामदेव ने कहा कि पूरा देश-दुनिया जिस पल का इंतजार कर रहे थे, उस कोरोना की दवा तैयार हो गई है. इस समय पूरी दुनिया एविडेंस बेस्ड मेडिसिन पर काम कर रही है. प्रो. बलबीर सिंह तोमर और बालकृष्‍ण के संयुक्त प्रयास से कोरोना की दवा तैयार हुई थी.