नई दिल्ली: वैश्विक बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में उछाल के बीच भारत में तेल वितरण कंपनियों ने सोमवार को पेट्रोल और डीजल के दाम प्रति लीटर कमश: 15 पैसे और 17 पैसे बढ़ा दिए. अमेरिका और ईरान के बीच नए तनाव के बाद कच्चे तेल का बाजार उफान पर है और इसका भाव 70 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर पहुंच गया है. Also Read - ईरान के नातान्ज परमाणु इकाई में क्‍या हुआ? इसे ईरानी न्‍यूक्‍लीयर चीफ ने ‘परमाणु आतंकवाद’ करार दिया

सरकारी तेल कंपनियों की मूल्य वृद्धि की ताजा घोषणाओं के अनुसार दिल्ली में पेट्रोल 75.69 रुपये प्रति लीटर पर पहुंच गया है. नवंबर, 2018 के बाद यह पेट्रोल की सबसे ऊंची दर है. इसी तरह राजधानी में डीजल भी 68.68 रुपये लीटर पर पहुंच गया है. कंपनियां लगातार पांच दिन से डीजल, पेट्रोल का दाम बढ़ा रही हैं. Also Read - US Capitol Lockdown: अमेरिकी संसद के बाहर कार ने पुलिस अधिकारियों को मारी टक्कर, यूएस कैपिटॉल में लगा लॉकडाउन

बगदाद हवाई अड्डे पर अमेरिकी ड्रोन हमले में ईरान के एक सैन्य अधिकारी के मारे जाने के बाद खाड़ी क्षेत्र में तनाव और अस्थिरता का वातावरण है. मानक ब्रेंट कच्चा तेल न्यूयॉर्क बाजार में 2.14 डॉलर प्रति बैरल यानी 3.1 प्रतिशत उछलकर 70.74 डॉलर प्रति बैरल पर चल रहा था. Also Read - डोनाल्ड ट्रंप के समय के एच-1बी वीजा प्रतिबंध समाप्त हुए, भारतीय आईटी पेशेवरों को राहत

इससे पहले कच्चे तेल का भाव इस स्तर पर सितंबर, 2019 में था. उस समय सऊदी अरब के तेल शोधन संयंत्र पर हमले से कच्चे तेल की वैश्विक आपूर्ति पांच प्रतिशत गिर गई थी. खाड़ी क्षेत्र में तनाव से वैश्विक शेयर बजारों में भी उथल पुथल मची हुई है. शेयर गिर रहे हैं और निवेशक सुरक्षा के लिए सोने की ओर झुक गए हैं.